इंदौर के नवलखा चौराहे पर जहर खाकर जान देने वाले व्यक्ति के मामले में पुलिस ने जांच करते हुए उसके ससुराल के चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। मृतक की मां और भाई के बयान में ससुराल के लोगों को आरोपी बताया गया है। पुलिस इस मामले में जांच कर रही है। संयोगितागंज थाने के एएसआई तुलसी राम रघुवंशी ने मंगलवार को अजय चौहान, निवासी बिल्सी कारखाना, की मौत के मामले में मुकेश पुत्र कमलसिंह, निवासी प्रकाशचंद्र सेठी नगर भमोरी, सपना, अंकित पुत्र गणपत चौहान, निवासी अरिहंत नगर, और छग्गीबाई उर्फ रेवती पत्नी रामानंद चौहान, एचजे कॉलोनी, के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में एफआईआर दर्ज की है। पत्नी संपत्ति को लेकर करती थी विवाद पुलिस के मुताबिक, 26 सितंबर 2025 को अजय ने जहर खा लिया था। उसकी मौत के बाद मां दुर्गाबाई और भाई सूरज के बयान लिए गए। मां ने आरोप लगाया कि अजय की पत्नी ममता उर्फ रूपाली संपत्ति को लेकर विवाद करती थी। उसकी बहन सपना, उसका पति मुकेश और भाई अंकित मोबाइल पर अशब्द बोलते थे और संपत्ति को लेकर धमकाते थे। वे मकान और अन्य संपत्ति अपने बेटे आर्यन के नाम करने की बातें भी करते थे। अजय ने यह सारी बातें अपने भाई सूरज को भी बताईं और ससुराल के लोगों के व्यवहार से वह काफी परेशान था। इन सभी परेशानियों के कारण नवलखा चौराहे पर जहर खा लिया, जहां से ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने उसे हॉस्पिटल में भर्ती कराया था। पुलिस जांच में सामने आया कि अजय ने सुसाइड के पहले कुछ वीडियो भी बनाए। जिसमें पत्नी और ससुराल के लोगों द्वारा प्रताड़ित करने की बात कही थी।


