भास्कर न्यूज | अमृतसर चार दिन पहले श्री गुरु रामदास जी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कस्टम्स विभाग की ओर से वन्य जीव तस्करी करने वाले पकड़े गए आरोपी मोहम्मद अबरार अहमद से कई खुलासे हुए थे। आरोपी पीर वाला मोहल्ला गांव कायस्थ बड्ढा, मेरठ यूपी का रहने वाला है और वहीं यूपी किसी कंपनी में काम करता है। कंपनी के मालिक ने उसे बैंकॉक मोर और सील टेक्सिडर्मी लाने के लिए भेजा था, जो वह 19 जनवरी को बैंकॉक से टेक्सिडर्मी लेकर एयरपोर्ट पर पहुंचा था। हालांकि आरोपी को अभी जेल भेज दिया है, लेकिन यह मामला कस्टम विभाग ने वाइल्डलाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो को दे दिया है। दोनों टेक्सिडर्मी को अपने कब्जे में लेकर आगे की जांच शुरू कर दी है। आरोपी से बरामद मोबाइल में बातचीत के सभी एविडेंस अधिकारियों ने जुटाए हैं। इस मामले में टेक्सिडर्मी मंगवाने वाले मालिक पर भी आगे की कार्रवाई जारी कर दी गई है। बैंकॉक में टेक्सिड्रमी की कीमत लाखों में बताई जा रही है। बैंकॉक में इसकी ब्रिकी अपराध नहीं है, लेकिन भारत में कानूनी अपराध है। गौर हो कि आरोपी मोहम्मद को टेक्सिडर्मी लाने के कोई अलग से पैसे नहीं मिलने वाले थे। उसके कंपनी मालिक ने आरोपी के आने-जाने का खर्चा दिया था। गौर हो कि बैंकॉक में वन्यजीव टेक्सिडर्मी तैयार करने के बारे में सोशल मीडिया पर जानकारी जुटाई तो पता चला कि वहां वन्यजीव को मारकर उसकी पूरी स्कीन को निकालकर उसे पूरे प्रोसेस से गुजरने के बाद उसका टेक्सिडर्मी तैयार किया जाता है। जिसमें छोटे पक्षी, मोर उसके बच्चे, शेर व सभी तरह के जानवर शामिल हैं। बैंकॉक में यह अपराध नहीं माना जाता, लेकिन भारत में इसे लाना एक कानूनी अपराध है। बैंकॉक में स्किन सहित सारे अंग उतारने के बाद उसे एक फॉम या पीओपी मीटिरियल से उस जानवर का स्टक्चर बनाकर उस पर वह स्कीन को चढ़ाते हुए सीला जाता है। जिससे वह जानवर दोबारा से देखने में जिंदा लगता है। बैंकॉक में आर्डर पर भी बनाए जाते हैं। सोशल मीडिया पर बनाने तैयार करने की सभी वीडियो जानकारी उपलब्ध हैं। गौर हो कि आरोपी 19 जनवरी 2026 को थाई लायन एयर की फ्लाइट एसएल-214 से बैंकॉक से अमृतसर पहुंचा था। इमिग्रेशन प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी ने ्सारमान लिया, जिसमें एक काला बैकपैक और दो बड़े कार्टन बॉक्स शामिल थे। स्कैन में संदिग्ध आकृतियां दिखाई देने पर यात्री की तलाशी और सामान की जांच की । इस दौरान 1 कार्टन बॉक्स से मोर की ट्रॉफी बरामद हुई, जबकि दूसरे कार्टन से वॉलरस सील हेड ट्रॉफी और लकड़ी का टुकड़ा बरामद हुआ।


