युवा नेता नरेश मीणा ने जन आंदोलन का आह्वान किया है। वे गुरुवार को बूंदी जिले के हिंडोली विधानसभा क्षेत्र के बमणावतों की ढाणी में आयोजित एक धार्मिक कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। इस अवसर पर नरेश मीणा ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए क्षेत्र में बढ़ती जनसमस्याओं और पुलिस द्वारा निर्दोष लोगों पर किए जा रहे अत्याचारों का विरोध किया। उन्होंने देवली विधानसभा क्षेत्र के सोंप थाना अंतर्गत कोटड़ी चौराहे पर एक बड़े जन आंदोलन का आह्वान किया। मीणा ने ग्रामीणों को पीले चावल देकर आंदोलन में शामिल होने का आमंत्रण दिया। समरावता के न्याय को अधूरा बताया
नरेश मीणा ने कहा कि क्षेत्र के किसानों को अभी तक फसल बीमा का लाभ नहीं मिल पाया है। उन्होंने समरावता के न्याय को अधूरा बताते हुए कहा कि वहां हुए नुकसान की सरकार द्वारा कोई भरपाई नहीं की गई है। समरावता में जिन मांगों को लेकर आंदोलन हुआ था, वे आज भी लंबित हैं। उन्होंने पुलिस प्रशासन पर निर्दोष लोगों पर लगातार अत्याचार करने का आरोप भी लगाया। कैदियों की सुविधाओं को लेकर उठाई आवाज
मीणा ने दोहराया कि वे हमेशा गांव, गरीब और किसान की सेवा के लिए संघर्ष करते रहे हैं। उन्होंने टोंक जेल में बंद रहने के दौरान भी कैदियों को बेहतर भोजन और मूलभूत सुविधाएं दिलाने के लिए आवाज उठाने का जिक्र किया।
नरेश मीणा ने ग्रामीणों से अंता विधानसभा उपचुनाव में उनके खिलाफ काम करने वाले लोगों को याद रखने की अपील की। उन्होंने ग्रामीणों से अपने गुस्से को संयम में रखते हुए 2028 के चुनाव में ऐसे लोगों को सबक सिखाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों ने किसान नेता नरेश मीणा का भव्य स्वागत और सम्मान किया।


