अमरकंटक में रविवार को मां नर्मदा जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया गया। ऋषियों की तपोभूमि और नर्मदा, सोन, जोहिला नदियों के उद्गम स्थल पर मां नर्मदा का भव्य श्रृंगार कर पूजा-अर्चना की गई। इस अवसर पर वैदिक मंत्रोच्चार और नर्मदाष्टकम् के श्लोकों से नर्मदा उद्गम धाम गूंज उठा। मंदिर पुरोहितों की उपस्थिति में पूर्ण विधि-विधान से मां नर्मदा की पूजा-अर्चना संपन्न हुई। इस दौरान “हर-हर नर्मदे” के जयघोष और स्वास्तिवाचन भी किया गया। नर्मदा मंदिर परिसर को फूलों और रंगोलियों से आकर्षक रूप से सजाया गया था, जिससे महाआरती की भव्यता और बढ़ गई। वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री तथा अनूपपुर जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप अहिरवार ने नर्मदा मंदिर प्रांगण में मां नर्मदा की भव्य महाआरती की। उन्होंने मां नर्मदा के दर्शन कर प्रदेश एवं जिले की सुख-समृद्धि की कामना की। कलेक्टर हर्षल पंचोली ने सपत्नीक और विधायक पुष्पराजगढ़ फुंदेलाल मार्को सहित अन्य गणमान्यों ने भी आरती में सहभागिता निभाई। मां नर्मदा के पूजन के बाद प्रभारी मंत्री और कलेक्टर ने श्रद्धापूर्वक कन्या पूजन कर भंडारे का शुभारंभ किया। विधि-विधान से कन्याओं के चरण धोकर उनका पूजन किया गया और उन्हें चुनरी, प्रसाद व उपहार भेंट कर आशीर्वाद लिया गया। इसके बाद आयोजित भंडारे में हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। इससे एक दिन पहले, शनिवार को मां नर्मदा की भव्य शोभायात्रा निकाली गई थी। यह शोभायात्रा उद्गम स्थल नर्मदा मंदिर से शुरू होकर नगर के प्रमुख मार्गों, मुख्य बाजार और बस स्टैंड से होते हुए वापस उद्गम स्थल मंदिर पहुंची थी। शोभायात्रा के बाद 24 घंटे के नर्मदा कीर्तन का शुभारंभ किया गया था। रविवार को विशाल नगर भंडारे के बाद शाम 6:45 बजे नर्मदा मंदिर प्रांगण में महाआरती का आयोजन किया गया। इसके बाद 7:15 बजे रामघाट पर भी महाआरती हुई। रात्रि 8 बजे रामघाट उत्तर तट पर सांस्कृतिक संध्या और अभिलिप्सा पांडा की विशेष प्रस्तुति का आयोजन किया जाएगा।


