साल 2026 के अंत तक अरेरा हिल्स क्षेत्र में नया आधुनिक खनिज भवन बनकर तैयार हो जाएगा। इस आठ मंजिला भवन में एक ही छत के नीचे संचालनालय, माइनिंग कॉर्पोरेशन, नई टेस्टिंग -ग्रेडिंग लैब के अलावा ई-चेक गेट के लिए कमांड सेंटर भी मौजूद होगा। लगभग 35 करोड़ की लागत से बिल्डिंग डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन इस भवन का निर्माण कर रहा है। अगले साल की शुरुआत में नए दफ्तर की शुरुआत हो सकती है। लगभग तीन दशक के इंतजार बाद खनिज विभाग को अपना आधुनिक भवन मिल जाएगा। बीते 25 से 30 सालों में कई बार भवन के लिए प्रस्ताव बना पर कभी बजट की कमी तो कभी प्रशासनिक स्वीकृति नहीं मिलने से ये मामला अटकता रहा। लगभग एक साल पहले इस भवन का प्रस्ताव शासन से स्वीकृत हो गया और अरेरा हिल्स स्थित खनिज संचालनालय की खाली जमीन पर ये भवन बनना शुरू हो गया था। वर्तमान में 22 हजार वर्गफीट में बन रहे भवन का काफी हिस्सा बनकर तैयार हो चुका है। पुराना भवन भी नए भवन से जोड़ दिया जाएगा। यहां माइनिंग कॉर्पोरेशन के साथ सभी दफ्तर होंगे अभी विभागीय टेस्टिंग -ग्रेडिंग लैब जबलपुर में है तो एमपी स्टेट माइनिंग कॉर्पोरेशन का दफ्तर पर्यावास भवन में है।वहीं, संचालनालय अरेरा हिल्स में है। नए भवन में एक आधुनिक टेस्टिंग -ग्रेडिंग लैब का भी प्रस्ताव है। वहीं, कॉर्पोरेशन का दफ्तर भी इसी भवन में होगा। साथ ही, अवैध खनिज के परिवहन को रोकने लग रहे ई-चेक गेट के लिए कमांड सेंटर भी यहीं होगा। बेसमेंट के दो फ्लोर पार्किंग के लिए: अरेरा हिल्स क्षेत्र में पार्किंग की समस्या को देखते हुए बेसमेंट 1 और बेसमेंट 2 में पार्किंग होगी। पहले फ्लोर में कैंटीन, गार्ड रूम और ई-चेक गेट कमांड सेंटर होगा। वहीं, दूसरे -तीसरे फ्लोर पर माइनिंग कॉर्पोरेशन का स्टाफ और चार, पांच और छठे के अलावा सातवीं मंजिल पर आधे हिस्से में संचालनालय के कक्ष होंगे। आधा हिस्सा ओपन स्पेस के तौर पर छोड़ा जाएगा।


