रेगिस्तानी बाड़मेर में मौसम में लगातार बदलाव देखने को मिला रहा है। कभी तेज धूप से गर्मी तो कभी शीतलहर की वजह से सर्दी बढ़ रही है। सोमवार को सुबह से हवा चलने से सर्दी बढ़ी है। तापमान के साथ-साथ सर्दी में उतार-चढ़ाव का दौर लगातार जारी है। रविवार को अधिकतम तापमान 27.6 डिग्री और न्यूनतम तापमान 13.8 डिग्री दर्ज किया गया है। मौसम में हो रहे बदलाव से किसानों की चिंता बढ़ा दी है। दरअसल, अलसुबह और देर रात को सर्दी असर बढ़ रहा है। दिन में तेज धूप गर्मी का अहसास करवा रही है। फरवरी के पहले वीक में अधिकतम पारा 27.6 डिग्री पहुंच गया है। तापमान में ऊपर-नीचे होने आसैर बार-बार सर्द-गर्म होने से फसलों में रोग पड़ने की संभावना बढ़ रही है। रविवार को दिन में गर्मी का असर देखने को मिला। देर शाम को हवाएं चलने से सर्दी असर बढ़ा। हवाएं सोमवार सुबह भी चल रही है। दिन में लोग ऊनी कपड़े उतारने पड़ रहे है। वहीं देर शाम होते ही वापस पहना पड़े रहे है। सर्दी में उतार-चढ़ाव से मौसम बीमारी बढ़ी सर्दी में उतार-चढ़ाव से मौसम बीमारी बढ़ रही है। जिला हॉस्पिटल की ओपीडी बढ़ रही है। ज्यादातर मरीज बुखार, जुकाम, खांसी के आ रहे है। डॉक्टर ऐसे मौसम में सावधानी बरतने की अपील कर रहे है। इधर तापमान के ऊपर-नीचे होने और बार-बार सर्द-गर्म होने से फसलों में रोग पड़ने की संभावना बढ़ गई है। इस बार सर्दी देर से आई। इस वजह से किसानों ने रबी की बुवाई भी देरी से की। इस बीच मौसम में हो रहे बदलाव से किसानों की चिंता बढ़ा दी है। 35 साल बाद जनवरी रहा सबसे गर्म 35 साल बाद जनवरी माह सबसे गर्म रहा है। पहली बार ऐसा हुआ है कि जनवरी में दिन का पारा 34.4 डिग्री दर्ज किया गया था। इससे पहले 17 जनवरी 1990 को बाड़मेर का अधिकतम पारा 36.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। जबकि रात का पारा 12.3 डिग्री है। ऐसे में रात और दिन के पारे में करीब 22 डिग्री का अंतर रहा था। बीते 5 दिनों का तापमान


