सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा संचालित पालनहार योजना के लाभार्थियों को तीन दिन के भीतर वार्षिक सत्यापन कराना अनिवार्य होगा। ऐसा न करने पर बच्चों का चालू शैक्षणिक सत्र के लिए आवेदन पत्र निरस्त कर दिया जाएगा, जिससे वे योजना के फायदे से वंचित हो सकते हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि पालनहारों को प्रतिवर्ष अनुदान प्राप्त करने के लिए विभाग के पोर्टल पर ई-मित्र के माध्यम से अध्ययन प्रमाण पत्र अपलोड कर सत्यापन कराना होगा। इसके उपरांत ही योजना के तहत पालनहारों को मिलने वाली राशि जारी की जाएगी। बारां जिला परिवीक्षा एवं समाज कल्याण अधिकारी शुभम नागर ने बताया कि पालनहार योजना का उद्देश्य अनाथ एवं देखरेख व संरक्षण की श्रेणी में आने वाले बालक-बालिकाओं को परिवार के भीतर ही समुचित देखरेख, संरक्षण तथा शिक्षा सुनिश्चित करना है। इसके लिए सरकार की ओर से आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। योजना में अनुदान पाने के लिए पालनहार परिवारों को प्रतिवर्ष बच्चों के वार्षिक सत्यापन के लिए संबंधित विद्यालयों में अध्ययनरत होने का प्रमाण पत्र या आंगनबाड़ी में पंजीकृत होने का प्रमाण पत्र ई-मित्र के माध्यम से विभागीय पोर्टल पर अपलोड करना होता है।


