गोरखपुर शहर में मंगलवार को प्रसिद्ध कथा वाचक राजन जी महाराज पहली बार पहुंचे। उनके गोरखपुर आगमन पर श्रद्धालुओं ने भव्य स्वागत किया। राजन जी महाराज यहां श्रीराम कथा सुनाने आए हैं, जिसका आयोजन 27 जनवरी से 4 फरवरी तक किया जा रहा है। इस राम कथा में गोरखपुर के साथ-साथ आसपास के जिलों से भी हजारों श्रद्धालु शामिल होने के लिए पहुंच रहे। कथा स्थल पर भक्तों में खासा उत्साह और श्रद्धा का माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम की शुरुआत वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हुई। सबसे पहले वैदिक मित्रों द्वारा रामायण जी की आरती उतारी गई। इसके बाद पूरा पंडाल “जय श्री राम” और “गोरखनाथ बाबा की जय” के नारों से गूंज उठा। आरती के बाद राजन जी महाराज ने “कर्पूर गौरम करुणावतारम” भजन के साथ कथा की शुरुआत की। इसके बाद उन्होंने “सीताराम राम राम राम, सीताराम राम राम राम” भजन गाया, जिसमें मौजूद श्रद्धालु भी उनके साथ गाने लगे। पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। गोरखपुर में पहली बार आने पर राजन महाराज ने भावुक होकर कहा कि वे पिछले 16 वर्षों से राम कथा गा रहे हैं, लेकिन गोरखपुर आने का सौभाग्य उन्हें आज पहली बार मिला है। उन्होंने कहा कि उनकी हमेशा से इच्छा थी कि वे गोरखपुर आकर भगवान श्रीराम की कथा सुनाएं और आज रघुनाथ जी की कृपा से यह इच्छा पूरी हुई।
उन्होंने कहा- “राम कथा को श्रवण करने से जन्म-जन्मांतर की व्यथा मिट जाती है। इस गीत के माध्यम से उन्होंने समझाया जय जय राम कथा, जय श्री राम कथा।” इसके बाद राजन जी महाराज ने कथा का विस्तार से वर्णन शुरू किया। उन्होंने रामायण के विभिन्न श्लोकों, प्रसंगों, कहानियों, कलयुग के जन्म और रामायण की रचना कैसे हुई, इन सभी विषयों को सरल और भावपूर्ण भाषा में श्रद्धालुओं के सामने रखा। इस श्रीराम कथा का आयोजन श्री राम कथा आयोजन समिति संस्था द्वारा किया जा रहा है। कार्यक्रम के मुख्य आयोजकों में डॉ. कुमुद त्रिपाठी, मदन मोहन त्रिपाठी, विधायक प्रदीप शुक्ल, अशोक शुक्ल, भोलेंद्र दुबे सहित अन्य लोग शामिल हैं।


