नए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होते ही मंगलवार को एक बार फिर मौसम ने करवट ले ली। सुबह से ही ठिठुरन बनी रही और दिनभर आसमान में बादल छाए रहे। दोपहर करीब डेढ़ बजे अचानक घनघोर बादल छाने से हालात ऐसे बने कि दिन में ही अंधेरा छा गया और वाहन चालकों को लाइटें जलाकर चलना पड़ा। सुबह से शाम तक रुक-रुककर हुई बरसात ने ठंड को और बढ़ा दिया। इस दौरान आकाशीय बिजली भी चमकी, जिससे लगा की आस पास कहीं बिजली गिरी है। परंतु इससे किसी प्रकार के नुकसान की सूचना नहीं है। मौसम विज्ञान केन्द्र जयपुर ने 28 और 29 जनवरी को जिले में घने कोहरे का यलो अलर्ट जारी किया है। मावठ की बारिश गेहूं और सरसों की फसल के लिए फायदेमंद मानी जा रही है। हालांकि, कुछ इलाकों में तेज हवा के कारण फसल गिरने की भी सूचना है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार यदि ओलावृष्टि होती तो दोनों फसलों को भारी नुकसान हो सकता था। रानोता में सबसे ज्यादा ओलावृष्टि, आज भी बारिश का अनुमान नगर| उपखंड के 3 गांवों में चने आकार के ओले पड़े है। जबकि शहरी क्षेत्र में बरसात से मौसम सर्द बना रहा। मंगलवार की सुबह उपखण्ड क्षेत्र के गांव मानौता खुर्द, रानोता व तरोडर में बरसात के दौरान चने आकार के ओले पडे। इनमें सबसे ज्यादा ओले गांव रानोता में पड़े है। कस्बे में सुबह से शाम तक तीन बार बरसात से मौसम सर्द बना रहा। हालांकि किसानों ने ओलों से सरसों फसल के प्रभावित होने की बात कही। आकाशीय बिजली से महिला की मौत सीकरी| गांव नकचा का बास में आकाशीय बिजली गिरने से एक विवाहिता की मौत हो गई और उसकी छोटी बहन झुलस गई। जानकारी के अनुसार नकचा का बास निवासी रुकमीना उर्फ रुक्की (25) और छोटी बहन इंजीना (18) खेतों पर काम करने गई थीं। शाम को लौट रही थी तो अचानक आकाशीय बिजली गिर गई जिससे दोनों झुलस गईं। अस्पताल में रुकमीना पुत्री उमरदीन को मृत घोषित कर दिया।


