हनुमानगढ़ में सेन समाज समिति ने सेन धर्मशाला को नगर विकास कर से मुक्त करने की मांग की है। इस संबंध में समिति ने नगर परिषद प्रशासक-एडीएम को एक ज्ञापन सौंपा। समिति ने नगर परिषद द्वारा जारी एक पत्र के संदर्भ में अपना पक्ष रखते हुए कर माफी की अपील की। समिति अध्यक्ष ओमप्रकाश सेन ने बताया कि सेन धर्मशाला एक धार्मिक एवं सामाजिक संस्था है। यहां सेन जी महाराज का मंदिर स्थित है और समाज के निर्धन परिवारों को निःशुल्क सुविधाएं प्रदान की जाती हैं। अन्य लोगों से केवल बिजली, पानी और साफ-सफाई का खर्च लिया जाता है। संस्था का उद्देश्य व्यावसायिक लाभ कमाना नहीं है।
ओमप्रकाश सेन के अनुसार, स्वायत्त शासन विभाग, जयपुर द्वारा जारी आदेशों के तहत धार्मिक, पूजा-अर्चना और सामाजिक उपयोग में आने वाली संस्थाओं को कर मुक्त करने का प्रावधान है। सेन धर्मशाला इसी श्रेणी में आती है। पूर्व में भी प्रशासन द्वारा विभिन्न सामाजिक एवं शासकीय आयोजनों जैसे चुनाव (लोकसभा, विधानसभा, पंचायत, नगर निकाय), खेलो राजस्थान और खेलो इंडिया के दौरान धर्मशाला का उपयोग किया गया है। इन आयोजनों में पानी, बिजली, सफाई और रख-रखाव का पूरा खर्च सेन समाज स्वयं वहन करता रहा है।
सेन समाज समिति ने जिला प्रशासन से आग्रह किया है कि सामाजिक एवं धार्मिक सेवाओं को ध्यान में रखते हुए उनकी संस्था को नगर विकास कर से पूरी तरह मुक्त किया जाए। इस अवसर पर ज्ञापन सौंपते समय महेश कुमार, डॉ. भानीराम, विजय गहलोत और विजय जाखड़ सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।


