खरगोन जिले के कसरावद क्षेत्र में ओलावृष्टि से 10 से अधिक गांवों में किसानों की फसलों को भारी नुकसान हुआ है। गेहूं, चना, मक्का और पपीता जैसी फसलें बड़े पैमाने पर प्रभावित हुई हैं। कसरावद के 10 किलोमीटर के दायरे में आने वाले गांवों में फसलों को अधिक क्षति पहुंची है। राजस्व विभाग ने बुधवार को क्षेत्र में हुए नुकसान का आकलन करने के लिए टीमें भेजीं। प्रारंभिक रिपोर्ट में बड़े पैमाने पर फसल क्षति की पुष्टि हुई है। एसडीएम सत्येंद्र बेरवा ने बताया कि प्रभावित किसानों की फसल नुकसानी के प्रस्ताव शासन को भेजे जाएंगे। उन्होंने कहा कि नियमानुसार राहत राशि प्रदान की जाएगी। किसानों ने राजस्व सर्वे दल को बताया कि बारिश और ओलावृष्टि के बाद खेतों में पानी भर गया है, जिससे फसलों के और खराब होने का खतरा बढ़ गया है। उनका कहना है कि इस समय अधिकांश फसलें पकने की अवस्था में हैं, और यदि बारिश जारी रही तो दानों की गुणवत्ता प्रभावित होगी तथा उत्पादन में भारी गिरावट आएगी। पटवारी अनिल पाटीदार ने प्रारंभिक सर्वे के आधार पर बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि से फसल नुकसान की पुष्टि की है। एसडीएम सत्येंद्र बेरवा के निर्देश पर गवला, अहिल्यापुरा और छोटी कसरावद सहित अन्य गांवों में सर्वे टीमें भेजी गई हैं।


