राज्य सरकार ने युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्रदान करने के लिए ‘मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना’ शुरू की है। इस योजना के तहत विनिर्माण, सेवा और व्यापार क्षेत्रों में सूक्ष्म उद्योग स्थापित करने के लिए युवाओं को 10 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त लोन उपलब्ध कराया जाएगा। मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा महोत्सव समारोह में इस योजना का शुभारंभ किया था, जिसका लक्ष्य प्रदेश के एक लाख युवाओं को उद्यमी बनाना है। जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र, बूंदी के महाप्रबंधक संजय भारद्वाज ने बताया कि इस योजना में राज्य सरकार द्वारा शत-प्रतिशत ब्याज का पुनर्भरण किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, 50 हजार रुपये तक की मार्जिन मनी और सूक्ष्म एवं लघु उद्योग क्रेडिट गारंटी फंड ट्रस्ट (CGTMSE) शुल्क के पुनर्भरण का भी प्रावधान है। योजना के तहत, 8वीं से 12वीं कक्षा उत्तीर्ण युवाओं को सेवा और व्यापार क्षेत्र के लिए 3.5 लाख रुपये तक का ऋण तथा विनिर्माण सेक्टर के लिए 7.5 लाख रुपये तक का ऋण मिलेगा। इन आवेदकों के लिए अधिकतम मार्जिन मनी सहायता 35 हजार रुपये निर्धारित की गई है। इसी प्रकार, आईटीआई और उससे अधिक योग्यताधारी युवाओं को सेवा और व्यापार क्षेत्र में 5 लाख रुपये तक और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में 10 लाख रुपये तक का ऋण प्रदान किया जाएगा। ऐसे मामलों में अधिकतम मार्जिन मनी 50 हजार रुपये तक होगी। इच्छुक आवेदक इस योजना के लिए ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से अपना आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं।


