जूनियर इंजीनियर (JEN) भर्ती परीक्षा पेपर लीक मामले में स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। JEN भर्ती परीक्षा-2020 निरस्त होने पर उन कैंडिडेंट के रुपए वापस मांगने पर नकल गिरोह ने दोबारा लीक करके पेपर पढ़वाया था। एग्जाम से आधे घंटे पहले पेपर लीक गिरोह के मास्टर माइंड जगदीश विश्नोई के हैंडलर्स ने कैंडिडेट को पेपर पढ़ाकर एग्जाम सेंटर तक छोड़ा था। मास्टरमाइंड जगदीश विश्नोई ने 35 लाख रुपए में पेपर बेचा था। एडीजी (एसओजी) विशाल बसंल ने बताया- मामले में जांच के बाद SOG ने पेपर लीक मास्टरमाइंड जगदीश विश्नोई और गणपतलाल को अरेस्ट किया था। पेपर लीक मास्टरमाइंड जगदीश विश्नोई ने गिरोह के साथ मिलकर 12 सितंबर 2021 को हुई JEN संयुक्त भर्ती परीक्षा का पेपर परीक्षा से ठीक पहले लीक कर कैंडिडेट्स को उपलब्ध कराया। वर्ष 2020 और 2021 में JEN भर्ती परीक्षा का पेपर दोनों बार लीक हुआ था। सौदा दिल्ली में तय होना था… जयपुर में ही पेपर कराया सॉल्व
जांच में सामने आया कि JEN भर्ती परीक्षा का पेपर मास्टर माइंड जगदीश विश्नोई ने 35 लाख रुपए में बेचा था। लीक पेपर पढ़कर परीक्षा देने वाला गणपत लाल मेरिट में 12वें स्थान पर आया। इसे बाद में गिरफ्तार किया गया। पेपर लीक का सौदा पहले दिल्ली में तय होना था, लेकिन बाद में जयपुर में ही लीक पेपर सॉल्व कराकर गणपतलाल को पढ़ाया गया। रुपए वापस मांगने लगे तो दूसरे पेपर लीक का दिया भरोसा
वर्ष 2020 में जिन कैंडिडेट ने पेपर खरीदा था, जो परीक्षा रद्द होने के बाद रुपए वापस मांगने लगे थे। मास्टर माइंड जगदीश बिश्नोई ने भरोसा दिलाया था कि वर्ष 2021 की परीक्षा का पेपर भी उपलब्ध कराया जाएगा। जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार गणपतलाल पीडब्ल्यूडी विभाग में सहायक अभियंता (AEN) के पद पर कार्यरत था। एसओजी के अनुसार आरोपी जगदीश बिश्नोई के खिलाफ राजस्थान में 12 पेपर लीक के मुकदमे दर्ज हैं। जांच में सामने आया कि परीक्षा से आधे घंटे पहले ही अभ्यर्थियों को लीक पेपर हैंडलर्स पढ़ाते थे। उन्हें एग्जाम सेंटर तक छोड़ने की पूरी जिम्मेदारी भी इन्हीं हैंडलर्स की होती थी। यह खबर भी पढ़ें… JEN-भर्ती परीक्षा का पेपर दूसरी बार भी लीक हुआ था:पहली बार में रद्द कर दिया था एग्जाम; इसी गैंग ने बेचा था SI भर्ती का पेपर स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) की जांच में खुलासा हुआ है कि जूनियर इंजीनियर (JEN) भर्ती परीक्षा-2020 का पेपर 2 बार लीक हुआ था। दिसंबर 2020 में हुई पेपर लीक होने के कारण परीक्षा रद्द कर दी गई थी। दोबारा परीक्षा आयोजित होने पर भी नकल गिरोह ने पेपर लीक कर अभ्यर्थियों तक पहुंचाया था। (पूरी खबर पढ़ें) जमानत के बाद भी जेल में रहेगा पेपरलीक का मास्टरमाइंड:कोर्ट ने कहा- जेईएन भर्ती में आरोपी जगदीश विश्नोई के खिलाफ सबूतों का अभाव
पेपर लीक के मास्टरमाइंड जगदीश विश्नोई को हाईकोर्ट से मार्च 2025 में जमानत मिल गई थी। जस्टिस प्रवीर भटनागर की अदालत ने जगदीश को जेईएन भर्ती 2020 के मामले में जमानत दी थी। हालांकि जमानत मिलने के बाद भी जगदीश फिलहाल जेल से बाहर नहीं आ सकेगा। वह एसआई भर्ती मामले में भी गिरफ्तार था। कोर्ट ने जमानत देते हुए कहा- एसओजी ने चार साल पुराने मामले में फरवरी 2024 में आरोपी की गिरफ्तारी की। उसकी गिरफ्तारी से पहले एसओजी मामले में चार चार्जशीट पेश कर चुकी थी। किसी भी चार्जशीट में उसके खिलाफ जांच लंबित नहीं रखी गई। (पूरी खबर पढ़ें)


