राजधानी के अरगोड़ा थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करने वाला मामला सामने आया है। अवैध गतिविधियों पर लगाम कसने की जिम्मेदारी जिस पुलिस पर है, वही काले धंधों की ‘सरपरस्त’ बन बैठी है और इसके लिए पुलिस ने बाकायदा रेट तक तय कर रखा है। जुआ खिलाने से लेकर ब्राउन शुगर की बिक्री तक, हर गैरकानूनी काम के बदले वसूली का अलग-अलग रेट है और सब कुछ पुलिस के संरक्षण में चल रहा है। जुआ खेलने वालों से पुलिस हर राउंड का पैसा लेती है, जबकि ब्राउन शुगर बेचने वालों के लिए महीना फिक्स कर रखा है। शुक्रवार को सोशल मीडिया में इसका ऑडियो-वीडियो वायरल हुआ, जो कुछ दिन पहले का बताया जाता है। हालांकि, भास्कर इस वायरल ऑडियो-वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। वायरल ऑडियो-वीडियो में एक पुलिसकर्मी जुआ खिलाने का पैसा लेते हुए दिखाई दे रहा है तो किसी पर ब्राउन शुगर बेचवाने के लिए पैसे लेने का आरोप लग रहा है। वीडियो में जुआ खेल रहे लोगों के पास खड़ा एक पुलिसकर्मी कार्रवाई करने के बजाए पैसे की डिमांड कर रहा है। प्रत्येक राउंड में उसे पैसा देने की बात जुआ खेल रहा एक युवक करता है। वीडियो में उसकी आवाज स्पष्ट रिकॉर्ड है। जुआ खेल रहा एक युवक कुछ देर बाद पुलिसकर्मी के हाथ में पैसे भी देता है, जिसे वह अपने पास रख लेता है। सुरक्षाकर्मी ने ही दिया बाइक चोरी का ठेका, चोर को खर्चा देने का आश्वासन वायरल ऑडियो पुलिसकर्मी दिलीप कुमार का बताया जा रहा है, जो अभी लालपुर थाना क्षेत्र स्थित पीसीआर-7 में तैनात है। सुरक्षा में तैनात दिलीप फोन पर बातचीत करते हुए युवक को सौरभ और अन्य के घर से बाइक चोरी करने का ठेका दे रहा है। इसके लिए वह चोर को खर्चा देने का भी आश्वासन दे रहा है। बाइक में तैनात जयकांत और पीसीआर में तैनात पुलिसकर्मियों को शराब पीने के अलावा पैसा लेते हुए वीडियो बनाने का भी ठेका दिलीप ने फोन पर बातचीत के दौरान उक्त युवक को दिया। इस संबंध में जब दैनिक भास्कर ने आरोपी दिलीप से बातचीत की तो उसने खुद को निर्दोष बताते हुए कहा कि यह काफी पुराना ऑडियो-वीडियो है। किसी ने दुश्मनी साधने की नीयत से इसे वायरल किया है। इस मामले में पहले ही उसे अरगोड़ा से हटाकर लालपुर भेज दिया गया है। टाइगर जवान व पीसीआर चालक बेचवाते हैं ब्राउन शुगर, महीने में वसूल रहे 2 से 5 हजार रुपए वायरल वीडियो में एक महिला तस्कर ने टाइगर जवान सयूब अंसारी और पीसीआर के चालक निरंजन को पैसा देने की बात कही है। महिला ने कहा है कि निरंजन को 2 हजार रुपए देते थे। जेल जाने के बाद पैसा देना बंद कर दिया। वहीं टाइगर जवान पर भी पैसा लेने का आरोप लगाते हुए कहती है कि सयूब अंसारी ब्राउन शुगर बेचने को कहते हैं। इसके एवज में वह 5 हजार रुपए महीना लेते हैं। वहीं एक तस्कर जब पैसा देने से इंकार किया, तो वर्दीधारी पुलिसकर्मी ने उससे मारपीट शुरू कर दी। मारपीट कर रहे पुलिसकर्मी का नाम आरिफ बताया जा रहा है।


