11 तारीख को निकाय चुनाव की वोटिंग से ठीक पहले रायपुर के पास बड़ी तादाद में शराब पकड़ी गई है। एक कंटेनर में भरकर शराब को लाया गया था। रायपुर-बिलासपुर हाइवे पर सिमगा के पास ताज ढाबे के करीब एक ट्रक में शराब की बड़ी खेप मिली है। यह ट्रक (कंटेनर व्हीकल) यहां से आगे शराब सप्लाई करने वाला था। इससे पहले ही पर्दाफाश हो गया। चुनावी माहौल में इस शराब को लोगों के बीच बांटने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला था। कुछ स्थानीय लोगों से मिली खबर के बाद आबकारी विभाग की टीम ने कार्रवाई की। कंटेनर के भीतर जांच किए जाने पर करीब 700 पेटी शराब बरामद की गई है । यह शराब MP में बनी हुई गोवा ब्रांड की शराब है । शराब की इस खेप को बंगाल के ट्रक में मध्यप्रदेश से छत्तीसगढ़ लाया गया है। कंटेनर के अंदर बबल रैप के बड़े-बड़े रोल रखे गए थे। एक नजर में देखने पर लगता कि कंटेर में कुछ नहीं है। रोल हटाने पर आबकारी विभाग के अफसरों ने देखा कि 700 पेटी शराब छिपाकर रखी गई है। इन बबल रैप का इस्तेमाल कांच की चीजों को ट्रांसपोर्ट करने, ऑनलाइन प्रोडक्ट को रैप करने में होता है। आबकारी विभाग के अधिकारी इस कार्रवाई में मिली शराब की बाजार में कीमत 50 से 56 लाख रुपए बता रहे हैं। शराब पकड़ने वाली टीम में राज्य स्तरीय उडन दस्ता और बलौदाबाजार, कवर्धा से संभाग स्तरीय उड़नदसस्ते के अफसर शामिल थे। ऐसे पकड़ में आया ट्रक
कवर्धा आबकारी विभाग की टीम को खबर मिली कि एम से कोई ट्रक शराब लेकर प्रदेश में एंटर हुआ है। इसके बाद कवर्धा जिला आबकारी टीम ने कंटेनर का पता लगाया। इसका पीछा करते रहे, सिमगा के पास पहुंचने पर ये कंफर्म हुआ कि शराब इसी कंटेनर में है। इसके बाद इस बड़ी स्मगलिंग का खुलासा हुआ।
इन अफसरों पर जांच का जिम्मा
रायपुर की सहायक जिला आबकारी अधिकारी नीलम किरण सिंह ने बताया कि मुखबीर की सूचना पर आबकारी विभाग के अफसरों ने कवर्धा, बलौदाबाजार, रायपुर के अफसरों की टीमों ने कार्रवाई की है। कंटेरनर ट्रक चालक का नाम जाकिर हुसैन है। आबाकारी एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए इसे जेल भेजा जा रहा है। शराब किसे दी जाने वाली थी, कहां से लोड हुई इस बारे में पूछताछ की जा रही है। इस कार्रवाई से जुड़ी जांच कवर्धा के जिला आबकारी अधिकारी अजय दुबे , विशेश्वर साव, जलेश सिंह, , रामानंद दीवान, अभिनव कुमार रायजादा, अभिनव आनंद बख्शी, विद्या सिंह परमार, अमर पिल्ले, इम्तियाज खान, कमल मेश्राम, जगदीश उइके राजेश कौशिक, डायमंड साहू नाम के अधिकारी-कर्मचारी कर रहे हैं। फिलहाल सामने आई जानकारी के मुताबिक ये ट्रक इंदौर से रायपुर के लिए चला था। शराब और ट्रक को मिलाकर आबकारी विभाग ने इस कार्रवाई 1 करोड़ के आस-पास कीमत की चीजें जब्त की हैं। ट्रक पश्चिम बंगाल की इंटरेक्टिव सॉल्ूशन कंपनी के नाम पर रजिस्टर्ड है, अब आबकारी विभाग के अफसर कंपनी से भी संपर्क करके ये पता लगा रहे हैं कि इतनी बड़ी तादाद में शराब किसने मंगवाई।


