दुबई की प्रमुख एयरलाइन एमिरेट्स ने सोमवार को उन रिपोर्ट्स को खारिज कर दिया, जिनमें कहा गया था कि वह इजराइल के लिए उड़ानें फिर से शुरू करने की तैयारी कर रही है। एयरलाइन ने साफ किया कि फिलहाल इजराइल के लिए उड़ानें निलंबित हैं और इन्हें बहाल करने की कोई ठोस योजना नहीं है। यह बयान ब्लूमबर्ग की उस रिपोर्ट के बाद आया, जिसमें दावा किया गया था कि दुबई की यह फ्लैगशिप एयरलाइन आने वाले महीनों में इजराइल के लिए उड़ानें दोबारा शुरू करने पर काम कर रही है। रिपोर्ट में कहा गया था कि अगर क्षेत्र में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ता है, तो इस योजना में देरी हो सकती है या इसे टाल भी दिया जा सकता है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट में यह भी कहा गया था कि इजराइल ने संयुक्त अरब अमीरात को भरोसा दिलाया है कि इजराइल के बेन गुरियन एयरपोर्ट पर एमिरेट्स के लैंडिंग और टेक-ऑफ स्लॉट सुरक्षित रखे गए हैं। हालांकि, एमिरेट्स ने इस दावे को भी स्वीकार नहीं किया। यह रिपोर्ट इजराइल की परिवहन मंत्री मिरी रेगेव के दुबई दौरे के बाद सामने आई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, एमिरेट्स अधिकारियों ने 2026 की पहली तिमाही में यूएई और इजराइल के बीच उड़ानें बहाल करने की इच्छा जताई थी। हालांकि, एमिरेट्स ने दोहराया कि फिलहाल ऐसा कोई फैसला नहीं लिया गया है। एयरलाइन ने यह भी बताया कि दुबई और इजराइल के बीच यात्रा करने वाले यात्री उसकी कोडशेयर पार्टनर फ्लाई दुबई के जरिए सफर कर सकते हैं, जो इजराइल के लिए सीधी उड़ानें जारी रखे हुए है। दुनिया की सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय एयरलाइन मानी जाने वाली एमिरेट्स ने अक्टूबर 2023 में मिडिल ईस्ट में संघर्षों के चलते इजराइल के लिए सभी उड़ानें रोक दी थीं। अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ें…
अमेरिका-चीन के बीच फंसा भारत:अब कम ताकतवर देशों से बढ़ा रहा दोस्ती, ट्रम्प के टैरिफ से बदली भारत की विदेश और व्यापार नीति कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पिछले महीने स्विट्जरलैंड के दावोस में वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (WEF) के मंच से कहा था कि दुनिया की पुरानी व्यवस्था ‘टूट’ रही है। अब मध्यम ताकत वाले देशों को साथ लाकर काम करना होगा। दावोस में अपने भाषण में कार्नी ने न तो ट्रम्प प्रशासन का नाम लिया और न ही उन अमेरिकी टैरिफ का जिक्र किया, जिनकी वजह से पुराना ग्लोबल सिस्टम हिल गया। अपने भाषण में उन्होंने सीधे तौर पर भले ही भारत का नाम न लिया हो, लेकिन इशारा साफ तौर पर भारत की तरफ था। पूरी खबर पढ़ें…


