ग्वालियर के आंतरी, सिकरौदा, भितरवार क्षेत्र में मंगलवार सुबह हुई ओलावृष्टि से किसानों की फसल चौपट हो गई है। सुबह सिकरौदा, बड़की सराय गांव के खेत बर्फ की सफेद चादर से लिपटे नजर आए। जब खेतों में ओलावृष्टि से तबाही का मंजर देखा तो दिल बैठ गया। किसानों के चेहरे उदास थे। ओलावृष्टि की सूचना मिलने पर कलेक्टर ग्वालियर रुचिका चौहान ने बड़की सराय एवं सिकरौदा गांव में पहुंचकर ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण किया एवं प्रभावित किसानों से चर्चा की। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट ने भी कमिश्नर, कलेक्टर से फोन पर कहा है कि पीड़ित किसान भाइयों की हर संभव मदद की जाए। तत्काल सर्वे शुरू कराया जाए। 20 से 25 मिनट ओले गिरे ग्वालियर में मंगलवार सुबह 4 से 5 बजे के बीच ओरे गिरे हैं। शहर से 35 से 40 किलोमीटर दूर आंतरी और सिकरौदा सहित भितरवार के चीनोर एरिया में 20 से 25 मिनट ओले गिरे हैं। जिससे इन गांव के खेत व सड़क बर्फ से ढककर सफेद हो गई है, जैसे मनाली या कश्मीर की सड़कें हों। ओलावृष्टि से फसलों को काफी नुकसान हुआ है। सिकरौदा गांव के हरीश सिंह राजपूत ने बताया कि गांव में 25 बीघा जमीन है। गेहूं की फसल खड़ी थी, लेकिन ओलावृष्टि से गेहूं की बालियां खेत में बिछ गई हैं। फसलों को काफी नुकसान हुआ है। मौसम विभाग की चेतावनी है कि अगले 24 घंटे में बारिश और ओले गिर सकते हैं। जिसके बाद किसानों में बची फसल के नष्ट होने का संकट गहराया गया है। ग्वालियर के चीनोर इलाके में कई गांव में ओलावृष्टि से पूरी की पूरी फसल ही चौपट हो गई है। किसानों को दिया भरोसा, मुआवजा मिलेगा कलेक्टर रुचिका चौहान ने एसडीएम भितरवार एवं रिवेन्यू के समस्त स्टाफ को निर्देशित किया है कि ओला प्रभावित खेतों के सर्वेक्षण का कार्य तत्काल प्रारंभ करें। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि कोई भी प्रभावित किसान सर्वेक्षण में वंचित नहीं रहना चाहिए। साथ ही किसी भी गलत व्यक्ति का नाम सर्वेक्षण में नहीं जुड़ना चाहिए। ओलावृष्टि की सूचना पर क्षेत्र में नहीं पहुंचने पर बड़की सराय के पटवारी संजय शर्मा को कार्य के प्रति उदासीनता एवं लापरवाही बरतने पर तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश ग्वालियर कलेक्टर रूचिका चौहान ने दिए हैं। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर रुचिका चौहान ने प्रभावित किसानों से चर्चा कर उन्हें आश्वस्त किया कि सभी पीड़ित किसानों को शासन के प्रावधान के अनुरूप मुआवजा उपलब्ध कराया जाएगा। ध्यान रखे ओला प्रभावित किसान का नाम छूटने न पाए कलेक्टर रुचिका चौहान ने भ्रमण के दौरान अनुविभागीय अधिकारी राजस्व भितरवार राजीव समाधिया को निर्देशित किया है कि ओला प्रभावित सभी गांवों में प्रारंभिक सर्वेक्षण का कार्य तत्परता से प्रारंभ किया जाए। सर्वेक्षण के दौरान प्रभावित हुए सभी किसानों की सूची नाम एवं रकबे के साथ तैयार की जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया है कि ओला प्रभावित कोई भी किसान प्रारंभिक सर्वेक्षण में छूटना नहीं चाहिए। ओलावृष्टि के चार से पांच दिन बाद कृषि विभाग के दल के माध्यम से भी जिले में सर्वेक्षण का कार्य कराया जाएगा। निरीक्षण के दौरान अनुविभागीय अधिकारी राजस्व राजीव समाधिया, तहसीलदार पूजा मावई, तहसीलदार रुचि अग्रवाल सहित राजस्व विभाग का अमला उपस्थित था। जिन्होंने कराया था फसल बीमा, उनको देनी होगी सूचना निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने प्रभावित किसानों से विस्तार से चर्चा की। उन्होंने सभी को आश्वस्त किया है कि प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर ओला प्रभावितों का सर्वेक्षण कार्य तत्परता से किया जाएगा। सर्वेक्षण के उपरांत जो भी प्रभावित किसान हैं उन्हें शासन के प्रावधानों के अनुरूप राहत राशि भी उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही जिन किसानों ने अपनी फसल का बीमा कराया है उन किसानों को भी बीमा कंपनी को 14447 पर सूचना देने के उपरांत कंपनी के माध्यम से बीमे की राशि भी उपलब्ध कराई जाएगी। 10 से 11 गांव में ओले गिरने की सूचना ग्वालियर कलेक्टर रूचिका चौहान ने बताया कि प्रारंभिक सूचना के आधार पर जिले के विकासखंड भितरवार में 10 से 11 गांव में ओले गिरने की सूचना मिली है। राजस्व का सम्पूर्ण अमला अपने-अपने क्षेत्र में भ्रमण कर ओला प्रभावितों के संबंध में जानकारी एकत्रित करने का कार्य कर रहा है।


