अमृतसर के रानीका बाग इलाके में स्थित एक साई प्रिंटिंग दुकान में उस समय दहशत का माहौल बन गया, जब 10 से 12 हथियारबंद युवक अचानक दुकान के अंदर घुस आए। बताया जा रहा है कि आरोपी लाल बत्ती लगी और काली फिल्म चढ़ी गाड़ी में सवार होकर मौके पर पहुंचे थे। पूरी घटना दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है, जिसकी फुटेज अब पुलिस के कब्जे में है। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और आसपास के दुकानदारों में भी डर का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही थाना सिविल लाइन की पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को काबू में किया। इस संबंध में मीडिया से बातचीत करते हुए थाना सिविल लाइन के पुलिस अधिकारी गुरप्रीत सिंह ने बताया कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि कुछ युवक दुकान के अंदर घुसकर आपस में बातचीत कर रहे हैं और माहौल को तनावपूर्ण बना रहे हैं। फिलहाल किसी तरह की मारपीट की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन पुलिस ने एक आरोपी को मौके से काबू कर लिया है, जबकि बाकी युवक फरार हो गए। पुलिस द्वारा लाल बत्ती लगी गाड़ियों और काली फिल्म के इस्तेमाल को लेकर भी कानूनी जांच की जा रही है। पीड़ित दुकानदार को पहले मिल चुकी थीं धमकियां
वहीं पीड़ित दुकानदार चंदन सबरवाल ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि घटना से पहले उन्हें कनाडा से अज्ञात नंबरों से धमकी भरे फोन कॉल आ रहे थे। उन्होंने कहा कि बिना किसी निजी दुश्मनी के कुछ युवक अचानक उनकी दुकान में घुसे और जान से मारने की धमकियां दीं। पीड़ित के अनुसार, एक युवक के पास हथियार भी था, जिससे डर का माहौल और बढ़ गया। शटर बंद करते ही आरोपी हुए फरार
चंदन सबरवाल ने बताया कि जब उन्होंने शटर बंद कर पुलिस को सूचना देने की कोशिश की, तो अधिकतर आरोपी मौके से फरार हो गए। पीड़ित परिवार ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए और लाल बत्ती के अवैध इस्तेमाल की भी पूरी जांच हो। पुलिस का कहना है कि मामले के हर पहलू की जांच की जा रही है और जल्द ही पूरे मामले का खुलासा किया जाएगा।


