जशपुर पुलिस ने 3 दिनों में 74 गौवंश मुक्त कराए:दो तस्करों को किया गिरफ्तार, फरार आरोपियों की तलाश जारी

छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में पुलिस ने गौ तस्करी के खिलाफ ‘ऑपरेशन शंखनाद’ अभियान चलाकर बड़ी कार्रवाई की है। अभियान के तहत पिछले तीन दिनों में कुल 74 गौवंशों को तस्करों के चंगुल से मुक्त कराया गया। इस दौरान पुलिस ने दो गौ तस्करों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई थाना नारायणपुर और चौकी मनोरा क्षेत्र में अलग-अलग मामलों में हुई। गिरफ्तार आरोपियों में एक युवक और एक विधि से संघर्षरत बालक शामिल है। मामले से जुड़े अन्य आरोपी फिलहाल फरार हैं, जिनकी तलाश जारी है। नदी किनारे से 32 गौवंश बरामद थाना नारायणपुर क्षेत्र में 2 फरवरी की रात पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम चटकपुर-चांचीडांड के पास बेने डेम के नीचे ईब नदी किनारे कुछ लोग बड़ी संख्या में गौवंशों को पैदल झारखंड की ओर ले जा रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस को देखते ही तस्करों ने भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने अमन टोप्पो (20 ) निवासी ग्राम कजरा, कनपोड़ा, थाना नारायणपुर और एक 16 वर्षीय विधि से संघर्षरत बालक को पकड़ लिया। बाकी आरोपी जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। पूछताछ में तस्करी की पुष्टि पुलिस पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे अपने साथियों के साथ मिलकर गौवंशों को झारखंड ले जा रहे थे। मौके से 32 गौवंश बरामद किए गए। सभी का पशु चिकित्सक से स्वास्थ्य परीक्षण कराया गया। आरोपियों के पास गौवंशों से जुड़े कोई वैध दस्तावेज नहीं मिले। इन धाराओं में केस दर्ज इस मामले में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। अमन टोप्पो को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है, जबकि विधि से संघर्षरत बालक को बाल संप्रेषण गृह भेजा जा रहा है। पुलिस ने फरार आरोपियों की पहचान कर ली है और गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
ग्रामीणों की सतर्कता से 42 गौवंश सुरक्षित इसी अभियान के तहत 31 जनवरी की शाम चौकी मनोरा क्षेत्र के ग्राम केसरा के बड़ा पहाड़ जंगल में ग्रामीणों की सतर्कता से 42 गौवंशों को तस्करों से मुक्त कराया गया। ग्रामीणों को देखकर तस्कर जंगल का फायदा उठाकर फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी गौवंशों को सुरक्षित कब्जे में लेकर पशु चिकित्सक से स्वास्थ्य परीक्षण कराया। पशु क्रूरता अधिनियम में भी मामला दर्ज चौकी मनोरा क्षेत्र के मामले में छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(क)(घ) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। एसएसपी बोले- गौ तस्करी में शामिल कोई नहीं बचेगा डीआईजी और एसएसपी डॉ. लाल उमेद सिंह ने कहा कि जशपुर पुलिस गौ तस्करी को लेकर बेहद संवेदनशील है। ऑपरेशन शंखनाद के तहत तीन दिनों में 74 गौवंश सुरक्षित कराए गए हैं और दो तस्करों की गिरफ्तारी की गई है। उन्होंने स्पष्ट किया कि फरार आरोपियों की तलाश जारी है और गौ तस्करी में शामिल किसी भी व्यक्ति को नहीं छोड़ा जाएगा।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *