शुभेंदु शुक्ला | अमृतसर मेयर जतिंदर सिंह भाटिया हाउस की मीटिंग बुलाने के लिए कमिश्नर को 2 बार लैटर लिख चुके हैं मगर 15 दिन बाद भी एजेंडा तैयार नहीं किया जा सका है। जिस कारण मीटिंग बुलाने की प्रक्रिया लटक रही है। एजेंडा ब्रांच में इस बारे पूछने पर बताया जा रहा है कि मेयर ने डेट फिक्स नहीं की है। कमिश्नर को लैटर भेजा गया है, जिसमें सभी ब्रांचों को एजेंडा तैयार करने की बात लिखी है। अब तक अलग-अलग विभागों की ओर से 10 एजेंडे आए हैं जिसमें कुछ मामले ट्रांसफर-प्रमोशन से जुड़े हैं। क्या एजेंडा अब तक आया है, इसे अभी सार्वजनिक तौर पर डिस्कस नहीं कर सकते जब तक हाउस की मीटिंग बुलाने को लेकर फाइनल डेट नहीं आती। नॉर्मल तौर पर 3 माह में हाउस की मीटिंग होनी चाहिए मगर इमरजेंसी केसों में मेयर कभी भी हाउस की मीटिंग बुला सकते हैं मगर एक साल में सिर्फ एक मीटिंग हो पाई है। अब दूसरी मीटिंग के लिए प्रक्रिया तो शुरू कर दी गई है मगर मेयर-निगम अफसरों में तालमेल की कमी देखने को मिल रही है। ^एजेंडा तैयार करने के लिए निगम कमिश्नर को लैटर लिखा था। रिमाइंडर भी भेजा जा चुका है। एजेंडा तैयार करने में थोड़ा वक्त लग रहा है। जल्द ही हाउस की मीटिंग बुलाएंगे। -जतिंदर सिंह भाटिया, मेयर वार्ड 77 के कांग्रेस पार्षद सतीश बल्लू का कहना है कि हाउस की मीटिंग हर माह बुलानी चाहिए। मगर सब भगवान भरोसे चल रहा है। पार्षदों को जनता की समस्याएं रखने का मौका नहीं मिल रहा। वहीं वार्ड 60 से भाजपा षार्षद गौरव गिल का कहना है कि वार्ड में ठेकेदार सही से काम नहीं कर रहे मगर कोई नहीं सुनता है। हाउस की मीटिंग बुलाना जरूरी है। पार्षदों को लोगों की समस्याएं रखने का मौका नहीं मिल पा रहा है। मेयर एजेंडा फाइनल होने की तैयारी कर रहे हैं जबकि निगम अफसर हाउस की मीटिंग की एग्जेक्ट डेट का। गौर हो कि हाउस बनने के बाद सिर्फ एक बार मीटिंग बुलाई जा सकी है जबकि 2 बार वित्त ठेका कमेटी की मीटिंग हुई है। पहली मीटिंग 29 मार्च 2025 को बुलाई गई थी। वहीं 15 जुलाई 2025 को वित्त-ठेका कमेटी की पहली तो 26 सितंबर 2025 को दूसरी मीटिंग हुई है। हाउस की मीटिंग में देरी के बारे निगम कमिश्नर ने चुप रहना जरूरी समझा।


