डिजिटल के दौर में ई-स्टाम्प की प्रमाणिकता को जानने के लिए बार कोड को स्कैन कर जांचने का विकल्प है। जिसकी आमजन को जानकारी नहीं है। लेकिन ऐसा कर ई स्टाम्प के नाम से धोखाधड़ी से बच सकते हैं। अलवर के मिनी सचिवालय में डीआईजी पंजीयन एवं स्टांप विभाग संजय गोयल की ओर से ई स्टाम्प सर्टिफिकेट को जाने विषय पर स्टॉक होल्डिंग के जागरूकता पोस्टर का विमोचन किया। इस दौरान डीआईजी स्टाम्प संजय गोयल ने बताया कि विभिन्न सुरक्षा मानकों के प्रति आम जनता के बीच व्यापक जागरूकता लाने के लिए पोस्टर का विमोचन किया गया है। उन्होंने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य से ई स्टाम्प के उपयोग के दौरान स्टांप की प्रामाणिकता और उसके विभिन्न सुरक्षा मानकों की जांच करने के लिए सभी को शिक्षित करना है। इस दौरान कार्यालय में उपस्थित आम लोगों को संबोधित करते हुए बताया कि अपनी संपत्तियों के पंजीकरण के लिए आने वाले आम जन को ई स्टांपिंग मोबाइल ऐप के माध्यम से ई स्टाम्प पेपर में मौजूद बारकोड को स्कैन कर उसकी प्रमाणिकता जांच सकते हैं। बदलते डिजिटल युग में आम आदमी की ओर से ई स्टाम्प खरीदते समय किसी भी तरह की धोखाधड़ी से बचने के लिए उसमें मौजूद सभी सुरक्षा मानकों की जांच करने का सुझाव दिया। ई स्टाम्प को पूरा जाना जा सकता है। कंपनी के प्रतिनिधियों ने सभी ई स्टाम्प वेंटर सहित अन्य सबको जानकारी दी गई। जिससे आमजन को यह फायदा हो सकता है कि ई स्टाम्प के फर्जीवाड़े से बच सकते हैं।


