बुरहानपुर के बंभाड़ा गांव से मजदूरी के लिए महाराष्ट्र गए 17 लोगों को बंधक बना लिया गया था। एसपी देवेंद्र पाटीदार के निर्देश पर शाहपुर थाना पुलिस ने एक शिकायत के आधार पर कार्रवाई करते हुए इन सभी को सकुशल मुक्त करा लिया गया है। बंधक बनाए लोगों में 5 महिलाएं, 5 पुरुष और 7 बच्चे शामिल थे। शाहपुर थाना प्रभारी अखिलेश मिश्रा के नेतृत्व में गई पुलिस टीम ने उस्मानाबाद के कलेक्टर और स्थानीय प्रशासन की मदद से सभी को मुक्त कराया। गन्ना खेत में 4 महीने से जबरन काम कराया जा रहा था इन मजदूरों को भाया नाम का व्यक्ति गन्ना कटाई के लिए महाराष्ट्र ले गया था और वहां छोड़कर फरार हो गया था। खेत मालिक सतीश पांढरे ने इन मजदूरों से पिछले 4 महीने से जबरन काम करवाया। मजदूरों को न तो उनकी संख्या के अनुसार राशन दिया जाता था और न ही मेहनताना। जब मजदूरों ने अपनी मजदूरी मांगी तो खेत मालिक ने उनके साथ मारपीट की और उनके मोबाइल फोन भी छीन लिए। टीआई ने बताया कि हर साल बुरहानपुर जिले से बड़ी संख्या में मजदूर काम की तलाश में अन्य राज्यों में जाते हैं, जहां कई बार उन्हें बंधक बना लिया जाता है। पुलिस प्रशासन ऐसे मामलों में तत्काल कार्रवाई कर मजदूरों की मदद करता है। इस मामले में भी सभी मुक्त कराए गए लोगों को सुरक्षित उनके गांव बंभाड़ा पहुंचा दिया गया है। बचाव अभियान में एएसआई महेंद्र पाटीदार, प्रधान आरक्षक शहाबुद्दीन के अलावा जन साहब संस्था के लीगल को-ऑर्डिनेटर सीएस परमार, राज्य समन्वयक यास्मीन खान और एफओ देव भोरे की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही।


