भास्कर न्यूज | जालंधर पंजाब राज्य व चंडीगढ़ मानवाधिकार आयोग के सदस्य पद्मश्री जितेंद्र सिंह शंटी शुक्रवार को जालंधर पहुंचे। उन्होंने जिला प्रशासनिक कॉम्प्लेक्स में डीसी डॉ. हिमांशु अग्रवाल की मौजूदगी में जिला पुलिस, प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों और विभिन्न एनजीओ के साथ बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने बताया कि मानवाधिकारों की मजबूती के लिए आयोग द्वारा नई एडवाइजरी जारी की गई हैं, जिनके तहत कोई भी अस्पताल बिल बकाया होने पर मृतक की देह देने से इंकार नहीं कर सकता। अस्पताल को घोषणा पत्र लेकर बिना देरी के शव परिजनों को सौंपना अनिवार्य होगा। जरूरतमंद मरीज से बैंक चेक या एफिडेविट लेकर इलाज के बाद उसे घर भेजा जाए। 20 बेड से अधिक वाले हर अस्पताल में मॉर्चरी और एम्बुलेंस की सुविधा जरूरी होगी। उन्होंने सफाई कर्मचारियों के लिए बीमा, सुरक्षा उपकरण और स्वच्छता सामग्री उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए। गंभीर मरीज को ले जा रही एम्बुलेंस की सहायता के लिए 112 पर सूचना देने पर नजदीकी पुलिस वाहन जिम्मेदार होगा। मानवाधिकार उल्लंघन की शिकायत के लिए हेल्पलाइन नंबर 9855475547 जारी किया गया है। साथ ही, हर जिले में 15 सदस्यीय कोर ग्रुप गठित किए जाएंगे। बैठक में एडीसी, सिविल सर्जन और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। इस मौके पर एडीसी अमनिंदर कौर, एडीसी नवदीप कौर, सिविल सर्जन डा. राजेश गर्ग, जॉइंट कमिश्नर नगर निगम मनदीप कौर के अलावा पुलिस विभाग, शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा अधिकारी मौजूद थे।


