भास्कर न्यूज | अमृतसर सेंट्रल जेल में कैदियों-हवालातियों की सुविधाओं और व्यवस्थाओं को लेकर शनिवार को जांच की गई। न्यायाधीश जतिंदर कौर के नेतृत्व में न्यायिक अधिकारियों की टीम ने जेल का दौरा कर हालात का जायजा लिया। इस दौरान कैदियों-हवालातियों की सेहत को ध्यान में रखते हुए दो सप्ताह का विशेष मेडिकल कैंप लगाने के आदेश दिए गए हैं। जिला एवं सत्र न्यायाधीश के साथ एडिशनल चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट परमिंदर कौर बैंस, चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट सुप्रीत कौर और जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) के सचिव अमरदीप सिंह बैंस भी मौजूद रहे। दौरे की व्यवस्था केंद्रीय जेल अधीक्षक राजीव कुमार अरोड़ा की ओर से की गई। न्यायिक टीम ने जेल की बैरकों, रसोईघर, मेडिकल सुविधाओं, सफाई व्यवस्था, सुरक्षा इंतजाम और जेल रिकॉर्ड की विस्तृत समीक्षा की। इस दौरान भोजन की गुणवत्ता, पीने के पानी, स्वच्छता और स्वास्थ्य सेवाओं की गहन जांच की गई। निरीक्षण में बैरकें और रसोईघर साफ-सुथरे पाए गए और कुल मिलाकर व्यवस्थाएं संतोषजनक रहीं। जांच के दौरान न्यायिक अधिकारियों ने अंडरट्रायल और सजा काट रहे कैदियों से बातचीत की, उनकी शिकायतें सुनीं और कई मामलों में मौके पर ही समाधान के निर्देश दिए। अधिकारियों ने अंडरट्रायल कैदियों को समय पर अदालत में पेश करने, अदालती आदेशों के पालन और मानवीय सुविधाएं सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। कैदियों-हवालातियों की ओर से उठाई गई स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए सिविल सर्जन को निर्देश दिए गए कि सेंट्रल जेल में दो सप्ताह का विशेष मेडिकल कैंप लगाया जाए। इसके साथ ही पोर्टेबल जांच सुविधाएं उपलब्ध कराने के आदेश भी दिए गए, ताकि कैदियों-हवालातियों की समय पर जांच, निदान और उपचार सुनिश्चित किया जा सके। डीएलएसए सचिव अमरदीप सिंह बैंस ने कैदियों के लिए कानूनी जागरूकता सत्र भी आयोजित किया। इसमें मुफ्त कानूनी सहायता, लोक अदालत, प्ली बार्गेनिंग और अन्य कानूनी सेवाओं की जानकारी दी गई। महिला कैदियों, बुजुर्गों और आर्थिक रूप से कमजोर कैदियों पर विशेष ध्यान दिया गया। दौरे के दौरान जेल में चल रही कानूनी सहायता क्लीनिकों, जेल लोक अदालतों और पैरा लीगल वॉलंटियर्स के कार्यों की भी समीक्षा की गई। साथ ही पुनर्वास और कानूनी जागरूकता कार्यक्रमों को मजबूत करने के निर्देश दिए गए। इस न्यायिक जांच के माध्यम से जिला न्यायपालिका और जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण अमृतसर ने कैदियों/ को न्याय, कल्याण और सुधारात्मक जेल प्रशासन उपलब्ध कराने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। जेल अधीक्षक ने सभी निर्देशों के पूर्ण पालन का भरोसा दिलाया।


