छत्तीसगढ़ में गुजराती समाज की ओर से 8 फरवरी को भव्य सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम लोककला डायरो का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम एनआर गुजराती फाउंडेशन गांधीनगर, सर्व गुजराती समाज छत्तीसगढ़ और एनआर गुजराती एसोसिएशन के संयुक्त प्रयास से रायपुर के गुजराती स्कूल परिसर में हुआ। कार्यक्रम में गुजराती समाज की भक्ति, संस्कृति, परंपरा और शौर्य की अद्भुत झलक देखने को मिली। लोक कलाकार डॉ. रंजीत वांक ने ‘डायरो’ के माध्यम से गुजरात के शूरवीरों की गाथाएं, समाज की भक्ति परंपरा और ऐतिहासिक योगदान को संगीत और काव्य के साथ प्रस्तुत किया। इस प्रस्तुति को देखकर सभी लोग भावविभोर हो गए। प्रीतेश गांधी ने कहा- गुजराती समाज का देश विकास में अहम योगदान सर्व गुजराती समाज छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष प्रीतेश गांधी ने कहा कि गुजराती समाज ने देश की आर्थिक, सामाजिक और सांस्कृतिक प्रगति में ऐतिहासिक योगदान दिया है। अपनी परंपराओं और मूल्यों को बनाए रखकर यह समाज देश के विकास और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के भारत 2047 के लक्ष्य को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का सशक्त माध्यम है। देवजी भाई पटेल बोले- डायरो मनोरंजन नहीं, समाज जोड़ने का माध्यम कार्यक्रम का स्वागत उद्बोधन एनआर गुजराती एसोसिएशन के अध्यक्ष और पूर्व विधायक देवजी भाई पटेल ने किया। उन्होंने कहा कि लोक कला डायरो सिर्फ मनोरंजन नहीं है, बल्कि समाज को उसकी गौरवशाली विरासत, संस्कृति और मूल्यों से जोड़ने का सशक्त माध्यम है। ऐसे आयोजन समाज में एकता, आत्मगौरव और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करते हैं। इस कार्यक्रम में रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल, विधायक राजेश मूणत, पुरेंदर मिश्रा, सुनील सोनी, ओडिशा के विधायक जय राजेंद्र डोलकिया, नगर निगम रायपुर के सभापति सूर्यकांत राठौड़ और एनआर गुजराती फाउंडेशन गांधीनगर से ज्योति बेन तेली सहित कई गणमान्य लोग शामिल हुए। प्रदेशभर से 2000 से अधिक समाज के लोग हुए शामिल प्रदेशभर से लगभग 2000 समाजजन कार्यक्रम में शामिल हुए। अलग-अलग शहरों जैसे जगदलपुर, बिलासपुर, महासमुंद, धमतरी, बालोद, राजनांदगाव, दुर्ग, भिलाई, कांकेर, रायगढ़, भाटापारा, अंबिकापुर, रायपुर, कोरबा, मनेन्द्रगढ़, खरोरा से लोग आए और कार्यक्रम का हिस्सा बने। 100 से ज्यादा सदस्यों को मोमेंटो और अंगवस्त्र देकर सम्मानित किया गया। मंच का संचालन तृप्ति जावेरी ने किया। कार्यक्रम में समाज के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं ने पूरी जिम्मेदारी निभाई और आयोजन को ऐतिहासिक बनाया। उपस्थित सभी अतिथियों और समाजजनों का आभार व्यक्त करते हुए प्रीतेश गांधी ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इस मौके पर उपस्थित प्रमुख पदाधिकारी और समाजजन आयोजन में सर्व गुजराती समाज छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष प्रीतेश गांधी, एन.आर गुजराती फाउंडेशन के अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक श्री देवजी भाई पटेल, दशा सोरठिया समाज के अध्यक्ष नितिन डोलकिया, गुजराती समाज रायपुर के अध्यक्ष प्रकाश बारमेड़ा, बिलासपुर से ललित पुजारा, सचिव अरविंद भानुशाली सहित भावना टाक, तृप्ति जावेरी, अर्पिता चावड़ा, दीप्ति राठौर, ज्योति दवे (भिलाई), शीतल सरवैय्या (दुर्ग) उपस्थित रहे। इसके अलावा प्रदेश मंत्री भाजपा जयंती पटेल, गुजराती युवा मंडल के अध्यक्ष गौरांग कांचा और सचिव निखिल पांड्या, तथा समाज की विभिन्न महिलाओं और कार्यकर्ताओं में चेतना पारेख, उर्वशी पारेख, मैत्री व्यास, कृपा पारेख, रूपा वैद्य, लीना मेहता, सुनीता शाह, ममता पिठालिया, सौम्या पिठालिया, भारती कांचा, पल्लवी, सीमा राठौर, लता बेन, सृष्टि बेन, गायत्री बेन, स्मिता बेन, हिमानी बेन, गीता बेन, रीता बेन, कल्पना परमार, हर्षा बेन, जयश्री बेन, मंजूषा बेन, उषा बेन शामिल थे। इसके साथ ही प्रदीप जोशी, रोहित पिठालिया, विवेक पिथालिया, हितेश पिथालिया, धवल पितालिया, सौरभ पिथालिया, विवेक परमार, लिलेश परमार, कल्पेश ढोलकिया, पंकज जावेरी, मितुल कोठारी (प्रदेश सहयोजक सोशल मीडिया भाजपा) और अन्य समाज के पदाधिकारी जैसे हिम्मत पटेल, प्रकाश पटेल, बंटी पटेल, गिरिश सरवैय्या, मनीष शाह, सुनील पांड्या, चंद्रकांत देसाई, अनिल कांचा, नरेश कांचा, विशाल टांक, अनिल पटेल (जगदलपुर), राजगोपाल कोठारी (कांकेर), गिरीश सवारिया (भिलाई), लखमशी भानुशाली, हरि कटारिया, प्रकाश गांधी, कीर्ति शाह (अध्यक्ष गुजराती समाज धमतरी), आशीष टांक, हेमंत बारमेडा, सुरेश भानुशाली (भाटापारा), प्रहांत पांड्या, चिराग जोशी, भावेश राठौर, मयूर कांचा, कीर्तन कांचा, देवळ टांक, जतिन बावरिया उपस्थित रहे। आयोजन में कुल मिलाकर प्रदेश भर से लगभग 2000 से अधिक समाजजन शामिल हुए और सभी प्रमुख पदाधिकारी एवं सदस्यगण ने अपनी भूमिका निभाकर इसे ऐतिहासिक बनाया।


