भास्कर न्यूज | गंडई पंडरिया खैरागढ़ कलेक्ट्रेट में सोमवार को 55 वर्षीय ग्रामीण ने आत्मदाह का प्रयास किया है। परिसर में ही खुद पर मिट्टी तेल डालकर ग्रामीण ने आग लगा ली। हालांकि मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने आग बुझाई और ग्रामीण को तत्काल हॉस्पिटल भेजा। गंडई ब्लाक के ग्राम कटंगी में रहने वाले शीतलाल निर्मलकर को समाज से बहिष्कृत कर दिया गया। उन्होंने इसे लेकर पूर्व में एसडीएम से लेकर आला अफसरों तक शिकायत की है। लेकिन अब तक उनकी शिकायत पर किसी तरह की कार्रवाई नहीं हो सकी है। जिससे परेशान होकर शीतलाल बोतल में मिट्टी तेल लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे। न्याय की गुहार लगाते हुए दोपहर करीब 12.30 बजे उन्होंने परिसर में ही खुद पर मिट्टी तेल डालकर आग लगा ली। मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल आग बुझाई। हालांकि शीत लाल का घुटना और हाथ का हिस्सा जल गया है। ग्रामीण को खैरागढ़ हॉस्पिटल में दाखिल कराया गया है। सुनवाई नहीं होने से आहत होकर यह कदम उठाया शीतलाल का कहना है कि उसने इस मामले को लेकर स्थानीय थाना, कलेक्टर कार्यालय, गृह विभाग और मानवाधिकार आयोग तक शिकायतें कीं, लेकिन कहीं से भी ठोस कार्रवाई नहीं हुई। लगातार मानसिक दबाव और न्याय न मिलने से आहत होकर उसने यह कदम उठाने का प्रयास किया। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जिला प्रशासन ने भी शिकायतों की पुनः समीक्षा करने और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।


