उपखंड क्षेत्र के रेलावन कस्बे में कस्बेवासियों ने सामुदायिक जिम्मेदारी की नई परिभाषा पेश की है। चौड़ी सड़क बनाने के लिए लोगों ने स्वयं अपने अतिक्रमण हटाए हैं। पीडब्ल्यूडी की ओर से किशनगंज से रेलावन, रामगढ़ होते मांगरोल तक सड़क का निर्माण कार्य किया जा रहा है। जिसके चलते कस्बेवासियों ने रेलावन में मुख्य सड़क 45 फीट चौड़ाई में बनाने को लेकर विभागीय अधिकारियों को अवगत करवाया था। साथ ही सड़क निर्माण की जद में आ रहे अतिक्रमण को स्वयं हटाते हुए मिसाल पेश की है। रेलावन के विकास को लेकर एसडीएम राकेश रावत और पीडब्ल्यूडी एईएन संदीप कुमार की मौजूदगी में गत दिनों आयोजित विशेष बैठक में अधिकारियों ने अतिक्रमण मुक्त रास्ते के फायदे और विकास की योजनाओं की जानकारी दी। प्रशासन की समझाइश और सकारात्मक सोच के बाद यह निर्णय लिया गया। कस्बेवासियों ने सर्वसम्मति से तय किया कि प्रशासन की सख्ती करने से पहले ही वे स्वयं उन निर्माणों को हटाएंगे, जो सड़क की चौड़ाई में बाधा बन रहे थे। इस पहल से कस्बेवासियों ने तीन संदेश दिए हैं। जिनमें सरकारी कार्रवाई का डर पालने से बेहतर है कि खुद अपनी गलती सुधारें। गांवों का विकास तभी संभव है जब सड़कें खुली हों और सार्वजनिक स्थल सुरक्षित हों। आपसी समझ से किए गए कार्यों में कभी विवाद नहीं होता। प्रशासन के साथ कदम मिलाकर कस्बेवासियों ने विकास की राह पर चलते हुए सराहनीय पहल की है। वहीं रेलावन में बनने वाली सीसी सड़क को 45 फीट चौड़ी एवं बीच में डिवाइडर बनाने की मांग को लेकर भाजपा महामंत्री रामसिंह गुर्जर के नेतृत्व में कस्बेवासियों ने विधायक डॉ. ललित मीणा को ज्ञापन सौंपा था। ज्ञापन में बताया था कि यहां आसपास के लगभग 60-70 गांवों के ग्रामीण खरीदारी करने आते हैं। जिससे बाजार में भीड़ रहती है। जिसको लेकर कस्बेवासियों ने विधायक डॉ. मीणा से मांग की थी कि सीसी सड़क को नाली निर्माण सहित 45 फीट चौड़ी व बीच में डेढ़ से 2 फीट का डिवाइडर बनवाया जाए। सड़क के चौड़ाई करण एवं सुदृढ़ीकरण के लिए राज्य सरकार की ओर से एसआरएफ योजना के तहत करीब 68 करोड़ रुपए स्वीकृत किए गए हैं। किशनगंज से मांगरोल तक कुल 39 किमी में 7 मीटर चौड़ी सड़क सहित 25 छोटे बड़े पुल बनाए जाने हैं। जिसके तहत 5.50 मीटर से 7 मीटर की चौड़ाई में सड़क का निर्माण किया जा रहा है। साथ ही सड़क के दोनों ओर ढाई-ढाई मीटर के पैदल पथ भी बनाया जाना है। इस तरह सड़क की चौड़ाई कुल 12 मीटर होगी। वहीं लाखाखेड़ी, रामपुरिया चौराहा पर उच्च पुलिया, कचोटिया खाळ, रामगढ़ के पास चित्तौड़ा खाळ व मांगरोल में नहर की पुलिया सहित कुल 25 पुलियाएं, गांवों में सीसी सड़क का निर्माण किया गया है।


