दौसा पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर के दो अलग-अलग मामलों का खुलासा किया है। पहला मामला महवा थाना इलाके के भापुर गांव का है, जहां पति के अवैध संबंधों को लेकर पति-पत्नी के बीच झगड़ा हुआ। जिसके बाद पति ने पत्नी की हत्या कर सबूत नष्ट करने के लिए पेट्रोल छिड़ककर आग लगाकर जला दिया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी पति ड्यूटी पर पहुंच गया, जिससे किसी को शक नहीं हो। बाद में आरोपी ने आनन-फानन में बच्चों व रिश्तेदारों को सूचना दिए बिना ही अंतिम संस्कार कर दिया। इस सम्बन्ध में मृतका के भतीजे कबूल सिंह गुर्जर निवासी दानपुर थाना रैणी अलवर ने महवा पुलिस थाने में प्रकरण दर्ज कराया था। रिपोर्ट में बताया था कि उसकी बुआजी भगवानी देवी (50), जो की गिर्राज पुत्र हरेत गुर्जर निवासी ब्याही के है। वह पिछले काफी दिनों से उसे शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था। 15 फरवरी को उसकी बुआ की हत्या कर गुपचुप अंतिम संस्कार कर दिया। ऐसे में उन्हें शक है कि उसकी बुआ की हत्या की गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने 50 सीसीटीवी कैमरे से फुटेज देखे। मृतका के पति गिर्राज गुर्जर निवासी भापुर, हाल निवासी बंसल पेट्रोल पंप के पीछे महवा को हिरासत में लेकर पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर लिया। अवैध संबंधों में बाधक बनने पर किया था मर्डर वहीं दूसरा मामला कोलवा थाना क्षेत्र का है। जहां पुलिस ने ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस को 10 फरवरी को पुलिस को सूचना मिली थी कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के लिंक रोड बांदीकुई-जयपुर एक्सप्रेसवे के द्वारापुरा जीरो पॉइंट पुलिया के पास लिंक रोड के किनारे अज्ञात व्यक्ति की डेडबॉडी पड़ी हुई है। इसकी सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंच शव को कब्जे में लिया। फॉरेंसिक टीम द्वारा साक्ष्य जुटाने के बाद शव को मोर्चरी में शिफ्ट किया गया। थाना इंचार्ज अजय सिंह ने बताया कि मृतक की पहचान आशानंद के रूप में हुई थी। जिसके बाद मामले की जांच करते हुए पुलिस ने साक्ष्य जुटाए, जिसमें बाद धर्मेंद्र कुमार शर्मा निवासी पनपुरा आरा बिहार, हाल निवासी गाजियाबाद यूपी को गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि मृतक आशानंद अवैध संबंधों में बाधक बन रहा था, जिसे रास्ते से हटाने के लिए आरोपी ने उसकी गोली मारकर हत्या कर दी थी पुलिस फिलहाल मामले की जांच में जुटी है।


