धौलपुर की सैंपऊ ग्राम पंचायत की अनदेखी के चलते कस्बे की सफाई व्यवस्था चौपट बनी हुई है। पिछले 7 दिनों से बाजार और सार्वजनिक स्थानों की बंद पड़ी सफाई व्यवस्था बुधवार से भले ही पंचायत प्रशासन के द्वारा शुरू करा दी है, लेकिन कस्बे के पुराने तहसील भवन के सामने शाही जामा मस्जिद, नृसिंह जी मंदिर और बांके बिहारी मंदिर के सामने काफी समय से पड़े कचरे के ढेर पड़े होने के बावजूद सफाई नहीं कराई हैं। कस्बे में गंदगी को देख स्थानीय लोगों के द्वारा पंचायत एवं उपखंड प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया गया। लोगों ने पंचायत पर आरोप लगाते हुए बताया कि लंबे समय से सफाई नहीं करने की वजह से कचरे के ढेर पर आवारा पशुओं को मुंह मारते हुए देखा जा सकता हैं। आवारा पशुओं का जमावड़ा होने की वजह से राहगीरों एवं स्कूली बच्चों को हमेशा आवारा पशुओं का डर बना रहता हैं। कई बार निराश्रित गोवंश के आक्रामक होने पर स्कूल जाने वाले बच्चों एवं राहगीर गुस्से का शिकार होते हुए देखे जा सकते हैं। स्थानीय लोगों ने पंचायत प्रशासन पर तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कई बार सरपंच को कहने के बावजूद कचरे की सफाई नहीं कराई गई हैं। बुधवार को हुए प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।


