भास्कर न्यूज | अमृतसर दिव्यांग बेटे के एक्सीडेंट की सूचना मिलते ही ड्यूटी छोड़ घर के लिए निकले सीनियर कांस्टेबल की हादसे में मौत हो गई। मृतक की पहचान रणबीर सिंह (57) निवासी कपूरी गेट, बटाला के रूप में हुई है। रणबीर सिंह पंजाब पुलिस के एंटी राइट यूनिट में तैनात थे। वीरवार सुबह 11 बजे भंडारी पुल पर वाल्मीकि समाज का धरना चल रहा था। ट्रैफिक कंट्रोल के लिए पुलिस ने पुल के आसपास विभिन्न रास्तों पर बैरिकेडिंग के साथ रस्सियां बांधकर रास्ते बंद किए हुए थे। इसी दौरान जब रणबीर सिंह स्कूटी पर सवार होकर भंडारी पुल से बस स्टैंड की ओर उतर रहे थे तो रास्ते में बंधी रस्सी उनके गले से टकरा गई, जिससे उनका संतुलन बिगड़ गया और वह सड़क पर गिर पड़े। गिरने से उनके सिर में गंभीर चोट लगी। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने उन्हें तुरंत सिविल अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। इस घटना के बाद पुलिस ने पुलिस की गाड़ी उस रास्ते पर लगाकर ब्लॉक किया। हादसे के बाद पुलिस ने गाड़ी खड़ी करके उस रास्ते को ब्लॉक किया। एडीसीपी हरपाल सिंह ने बताया कि रणबीर सिंह एआरपी यूनिट के साथ भंडारी पुल पर ड्यूटी कर रहे थे। इसी दौरान उनके घर से फोन आया कि उनके बेटे का एक्सीडेंट हो गया है। रणबीर सिंह ने उन्हें आकर घटना के बारे में बताया था, जिसके बाद उन्हें पहले घर जाकर बेटे का हाल देखने के लिए कहा गया। उन्होंने स्कूटी पर घर के लिए रवाना हुए लेकिन भंडारी पुल से उतरते समय हादसे का शिकार हो गए। प्रारंभिक जांच के अनुसार स्कूटी असंतुलित होने के कारण वह सड़क पर गिर गए और सिर में गंभीर चोट लगने से उनकी मौत हो गई। सिविल अस्पताल में पोस्टमार्टम करवाने पहुंचे मृतक के भाई जगमोहन सिंह ने बताया कि 6 महीने के बाद फरवरी 2027 में रणबीर सिंह की रिटायरमेंट थी। अमृतसर में 2 महीने से एंटी राइट यूनिट में तैनात था। इससे पहले 6 महीने जालंधर में भी डयूटी की। रणबीर के दो बेटे हैं। छोटा बेटा दिव्यांग है। बेटे का एक्सीडेंट में चोट लगी थी जिस कारण भाभी ने भाई रणबीर सिंह को कॉल करके एक्सीडेंट के बारे में जानकारी दी। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल हो गया है। वह भी अपने भाई के साथ एक ही घर में रहते थे। उन्हें पुलिस की ओर से सूचना मिली तो वह बटाला से तुरंत पहुंचे गए। अब पुलिस ने आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।


