भास्कर न्यूज |लुधियाना पंजाब में पहली बार श्री अक्षर पुरुषोत्तम स्वामीनारायण मंदिर की स्थापना की गई है। पक्खोवाल रोड, ठुकराल कॉलोनी में स्थित 1,500 गज में फैले इस भव्य मंदिर के स्थापना दिवस पर गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी विशेष रूप से पहुंचे। इस अवसर पर सुबह 9 बजे 80 जोड़ों ने मिलकर हवन यज्ञ किया। मंदिर के प्रमुख गुरु हरि प्रेम स्वरूप स्वामी जी ने बताया कि इस मंदिर की नींव 2019 में रखी गई थी और अब यह पूरी तरह से बनकर तैयार हो चुका है। पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी ने कहा कि मंदिर में जाकर ही सभी का मन संतो के साथ जुड़ जाता है। इस जगह पर न कोई राजा होता है और न ही कोई भिखारी सभी एक सामान होकर प्रभु का गुणगान करते हैं। स्वामी जी ने बताया कि गुजरात और दिल्ली के बाद यह पंजाब का पहला स्वामीनारायण मंदिर है। ब्रह्म स्वरूप हरि प्रसाद स्वामी जी महाराज का सपना था कि पंजाब में भी स्वामीनारायण मंदिर की स्थापना हो। उन्होंने यह भी कहा कि भगवान की मूर्ति पिता और संत माता के समान होते हैं। इस मंदिर में संत नहीं होते, वह अधूरा होता है। इसीलिए, मंदिर में रोज 2 समय आरती अनिवार्य रूप से की जाएगी। मंदिर में भक्तों की आस्था के लिए भगवान स्वामीनारायण, राधा-कृष्ण, सीता-राम, शिव-शंकर और हनुमान जी की भव्य मूर्तियां स्थापित की गई हैं। हर रविवार को सत्संग और प्रवचन का आयोजन होगा। इस मौके पर संत श्री जी सोरब दास ने कहा कि जो मन की शांति चाहता है, उसे संतों का सत्संग जरूर करना चाहिए। उन्होंने बताया कि यह पवित्र मंदिर श्रद्धालुओं को आत्मिक शांति प्रदान करेगा और वे यहां आकर संधू संतों के प्रवचन सुनकर आध्यात्मिक लाभ उठा सकेंगे।


