भास्कर संवाददाता | चित्तौड़गढ़ महिला एवं बाल चिकित्सालय के पालना गृह में सर्द रात में एक मेहमान का आगमन हुआ। कोई अपने शिशु को वहां छोड़ गया। घंटी बजने पर नर्सिंग स्टाफ ने संभालकर एसएनसीयू वार्ड में भर्ती किया। जिनके अनुसार बच्चे का जन्म संभवतया एक सप्ताह पहले हुआ। गुरुवार दोपहर बाल कल्याण समिति पदाधिकारियों ने भी पहुंचकर जानकारी ली। इस पालना गृह में गत 8 साल में यह 20वां शिशु आया है। एसएनसीयू प्रभारी डॉ. जयसिंह मीणा ने बताया कि मंगलवार रात 11.30 बजे स्थित पालना गृह में घंटी बजी। ड्यूटी पर तैनात यशोदा एवं नर्सिंगकर्मी दौड़कर पहुंचे। अज्ञात लोग शिशु को कंबल में लपेटकर छोड़ गए थे। शिशु रो रहा था। कड़ाके की ठंड होने से तत्काल एसएनसीयू यूनिट में भर्ती कर उपचार शुरू किया। मेल शिशु का वजन सामान्य 2950 ग्राम है। संभवतया सप्ताहभर पहले जन्म हुआ। सूचना पर दूसरे दिन दोपहर बाल कल्याण समिति के पदाधिकारियों ने पहुंचकर शिशु को देखा व जानकारी ली। मीणा ने बताया कि अनचाहे शिशुओं को बचाने के लिए 2017 में अस्पताल में पालना गृह की शुरुआत की गई थी। अब तक इसमें 19 बच्चे प्राप्त हो चुके हैं। यह 20वां बच्चा है, जो उपचाररत होकर स्वस्थ तथा सामान्य स्थिति में है। मदर मिल्क बैंक से उपलब्ध दूध पी रहा है।


