अमृतसर जिले में एक डॉक्टर को पिछले दो सालों से धमकियां मिल रही हैं और अब उससे 50 लाख की मांग की गई। इससे पहले उसके बच्चों की गाड़ी पर गोलियां भी चलाई गईं। डॉक्टर में कई बार पुलिस में दरखास्त दी, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। जिसके बाद मामला सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, तो आज कैबिनेट मंत्री कुलदीप सिंह धालीवाल उसके घर पहुंचे और उसे मौके पर एक और गनमैन दिया। वहीं पुलिस को भी हिदायत दी। कैबिनेट मंत्री कुलदीप पहुंचे घर अमृतसर के फतेहगढ़ चूड़ियां, नवां पिंड के संत सेवक अस्पताल के डा. राजबीर सिंह के अस्पताल में आज कैबिनेट मंत्री कुलदीप सिंह धालीवाल पहुंचे। उन्होंने बताया कि उन्हें कल सोशल मीडिया के जरिए मामले की जानकारी मिली और उन्होंने एसएसपी से मामले की तफ्तीश के बारे में इन्क्वायरी की है। डा.राजबीर सिंह ने बताया कि पिछले दो सालों से कई बार धमकियां और फिरौती के लिए फोन आ रहे थे। शिकायत पर पुलिस की कार्रवाई नहीं वहीं कुछ महीने पहले उसके बच्चे जब स्कूल से लौट रहे थे, तो उस पर हमला किया गया। डॉक्टर ने थाना झंडेर में शिकायत दर्ज करवाई, लेकिन पुलिस ने इन्क्वायरी के बाद जानकारी दी, कि जिस गाड़ी से हमला किया और गोली चलाई गई, वह गाड़ी पर नंबर इनोवा का है। जिसके बाद कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद डा. राजबीर सिंह ने अपने बच्चों को स्कूल से हटा लिया और अपनी पत्नी को भी कहीं दूसरे घर शिफ्ट कर दिया। वह खुद कहीं और रह रहे हैं। 30 मार्च की रात को आई फिरौती काल डा. राजबीर सिंह ने बताया कि 30 मार्च 2025 को रात तकरीबन 9.15 पर फिरौती के लिए यूके के नंबर से फोन आया। उन्होंने यह सोचकर फोन उठा लिया कि शायद उनकी बहन का हो, लेकिन आगे से गैंगस्टर ने उनसे 50 लाख रुपए की मांग की। जिसके बाद उन्होंने फोन काट किया। गैंगस्टर की ओर से पूरी रेकी की गई थी कि उनकी पत्नी कहां काम करती है और वह कहां रहते हैं।


