भास्कर न्यूज | रिगनी-खरौद शिवरीनारायण थाना प्रभारी नवपदस्थ होने के बाद नगर पंचायत खरौद का निरीक्षण किया। भास्कर शर्मा ने नगर पंचायत खरौद में शिष्टाचारी बैठक की। इस दौरान उन्होंने नगर पंचायत के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों और सम्मानित नागरिकों से मुलाकात की। बैठक में नगर की प्रमुख समस्याओं पर चर्चा हुई। जिसमें कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने और अवैध शराब बिक्री पर रोक लगाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक के दौरान नगर पंचायत के पूर्व अध्यक्ष सुबोध शुक्ला ने बताया कि खरौद को छत्तीसगढ़ की काशी कहा जाता है। यहां लक्ष्मणेश्वर मंदिर, शबरी मंदिर और इंदलदेव का प्राचीन मंदिर स्थित हैं। वर्षों पूर्व छत्तीसगढ़ शासन ने खरौद को टेंपल सिटी घोषित किया था और यहां शराब की बिक्री प्रतिबंधित कर दी गई थी। हालांकि, इसके बाद अवैध शराब की बिक्री में वृद्धि हुई। जिससे कई युवाओं की मृत्यु हो गई। उन्होंने इस पर सख्त कार्रवाई की आवश्यकता जताई। नगर पंचायत के अध्यक्ष गोविंद यादव ने कहा कि शराबबंदी को पूरी तरह लागू करने के लिए पार्षदों के साथ मिलकर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन प्रशासन के सहयोग के बिना इसे पूरी तरह सफल नहीं बनाया जा सकता। उन्होंने प्रशासन को हर संभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। नगर निरीक्षक ने कहा कि नागरिकों की सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता होगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अवैध शराब बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने आम जनता से अनुरोध किया कि वे किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, जिससे अपराधों पर त्वरित कार्रवाई हो सके। नगर निरीक्षक शिवरीनारायण ने जनप्रतिनिधियों से अपील की कि वे नगर के विकास और कानून व्यवस्था को बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें। इस बैठक से नगरवासियों में सकारात्मक संदेश गया है और उन्हें उम्मीद है कि नवपदस्थ नगर निरीक्षक के नेतृत्व में शहर में कानून व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी। बैठक में महिला कमांडो धनेश्वरी आदित्य और पुराईन आदित्य ने भी भाग लिया। बैठक का संचालन पूर्व पार्षद शरदचंद शर्मा ने किया। इस बैठक में नगर पंचायत उपाध्यक्ष महेश्वर यादव, पूर्व अध्यक्ष मुरारी लाल यादव, पूर्व एल्डरमैन राजेश यादव, पूर्व पार्षद शोभित यादव सहित पार्षदगण नेहरू राही, हुलास साहू, हे कृष्णा साहू, परमानंद रोहिदास, गेंदबाई आदित्य, दीपशिखा यादव, नीलम यादव, रामसाय यादव श्रीकांत सिंह उपस्थित रहे।


