जालोर कलेक्ट्रेट में मंगलवार को जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति ‘दिशा समिति’ की बैठक हुई। इसकी अध्यक्षता जालोर-सिरोही सांसद लुंबाराम चौधरी ने की। बैठक में पानी, विद्युत, सड़क और जल जीवन मिशन योजना के तहत हो रहे विकास कार्य को लेकर समीक्षा की गई और आवश्यक निर्देश दिए गए। बैठक में मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग ने जलदाय विभाग के अधीक्षण अभियंता(एसई) पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एसई संजय शर्मा ने नल कनेक्शन लेने आए एक भाजपा कार्यकर्ता से कहा कि उनके पास पाइप लाइन डालने की व्यवस्था नहीं हैं। इसके बाद एसई ने एक ठेकेदार का नाम बताया और कहा कि वह सब एडजेस्ट कर देंगे। उन्होंने आरोपी लगाते हुए कि शर्म करिए। इसके बाद एसई ने जवाब में कहा कि यह आरोप मत लगाइए। मुझे यहां आए हुए एक महीना ही हुआ है। इसके बाद गर्ग रुक गए। इस बीच कलेक्टर ने कहा कि यह एसई अभी आए है, यह पहले छुट्टियों पर चल रहे थे। पानी की सप्लाई समय पर देने के निर्देश
बैठक में जालोर- सिरोही सांसद लुंबाराम चौधरी ने ग्रामीण क्षेत्रों में सरकार की ओर से बने जीएलआरओ में पानी देने, ढाणियों तक पानी पहुंचाने के निर्देश दिए। जल जीवन मिशन योजना और प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क से जुड़े विकास कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। साथ ही गर्मी को देखते हुए शहर सहित जिलेभर में पानी की सप्लाई समय पर देने के लिए भी अधिकारियों को निर्देश दिए। किसानों को 5 से 7 दिन तक ट्रांसफॉर्मर नहीं मिल रहे
बैठक में सांसद चौधरी ने डिस्कॉम के अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि किसानों को ट्रांसफॉर्मर खराब होने और कंपलेन करने के करीब 24 से 48 घंटों में मिलना चाहिए। लेकिन अधिकारियों व कर्मचारियों की लापरवाही के चलते किसानों को करीब 5 से 7 दिन तक ट्रांसफॉर्मर नहीं मिल रहे हैं। इससे किसानों को परेशान होना पड़ रहा हैं। उन्होंने डिस्कॉम अधिकारियों से मामले में त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में सांसद लुंबाराम चौधरी, मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग, कलेक्टर डॉ. प्रदीप के गवांड़े, एसपी ज्ञानचंद्र यादव, जलदाय विभाग के एसई संजय शर्मा, जल जीवन मिशन के एसई लछुराम, वन विभाग डीएफओ जयदेव सिंह चारण और जिला प्रमुख राजेश कुमार राणा सहित कई जनप्रतिनिधि व विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।


