रांची |उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में डॉ. विभा पांडेय की डिप्टी डायरेक्टर के पद पर नियम की अनदेखी कर नियुक्ति करने का मामला प्रकाश में आया है। इतना ही नहीं कार्यकाल तीन साल पूरा होने के बाद भी शिक्षा विभाग द्वारा विरमित नहीं किया गया है। बुधवार को पूर्व सीनेट सह सिंडिकेट सदस्य डॉ. अटल पाण्डेय और अर्जुन कुमार राम ने पत्र लिखकर राज्यपाल सह कुलाधिपति संतोष कुमार गंगवार से जांच कराने की मांग की है। कहा कि उच्च शिक्षा विभाग ने नियमों की अनदेखी कर सेवा विस्तार दिया है, जबकि विभागीय नोटिफिकेशन के अनुसार 3 वर्ष पूर्ण होने पर स्वतः विरमित हो जाएंगे। उच्च शिक्षा विभाग ने उप निदेशक पद के लिए विज्ञापन में स्पष्ट किया था कि ग्रेड पे 7000 रुपए होना चाहिए। लेकिन डॉ. विभा पांडेय का ग्रेड पे- 6000 रुपए है। डॉ. विभा पांडेय नीलांबर-पीतांबर विवि में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं। पूर्व सीनेट सदस्यों ने डिप्टी डायरेक्टर को तत्काल पद से हटाने और मामले की जांच कराने की मांग की है।


