सूरजपुर जिले की महान नदी पर स्थित भौंसामुंडा पुल अब पूरी तरह से जर्जर हो गया है। 70 साल पुराना यह पुल अंबिकापुर-बनारस मार्ग का महत्वपूर्ण हिस्सा है। लेकिन पुल की वर्तमान स्थिति अत्यंत खराब है। इसमें कई जगह दरारें पड़ गई हैं। पीलरों से लोहे की छड़ें बाहर निकल आई हैं। भारी वाहनों के गुजरने पर पुल हिलने लगता है। प्रतिदिन हजारों छोटे-बड़े वाहन इस पुल से गुजरते हैं। स्थानीय लोगों ने कई बार अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया है। लेकिन अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। 70 साल पहले के ढांचे में बना जानकारी के मुताबिक, भौंसामुंडा में महान नदी पर यह पुल लगभग 70 साल पहले बनाया गया था। तब इसकी डिज़ाइन व निर्माण प्रणाली पुराने ढांचे के अनुसार की गई थी। समय के साथ यह पुल जर्जर होता चला गया। खतरे का इशारा करती पुल हाल ही के सालों में हुई भारी बारिश और बाढ़ ने इसकी हालत और बिगाड़ दी। अब पुल के नीचे लगे पीलरों से बीयरंग तक निकल चुके हैं और लोहे की छड़ बाहर आ चुकी हैं। ऐसे में पुल की स्थिति पूरी तरह से खतरे की ओर इशारा कर रही है। नीचे के पीलर का मरम्मत संभव नहीं हालांकि, पूरे मामले में सेतु विभाग के जिम्मेदार अधिकारी कैमरे पर कुछ भी नहीं कह रहे। लेकिन ऑफ रिकॉर्ड यह मान रहे कि पुल पुरानी पद्धति से बना है, जिसकी वजह से नीचे पीलर का मरम्मत संभव नहीं। नए पुल के लिए सरकारी स्तर पर पत्राचार जारी है।


