बूंदी पॉक्सो कोर्ट ने 15 साल के लड़के का यौन शोषण करने के मामले में महिला को दोषी माना। कोर्ट ने महिला को 20 साल सजा सुनाई। साथ ही 45 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया। 19 अप्रैल को पॉक्सो कोर्ट के जज सलीम बदर ने फैसला सुनाया। कोर्ट में 17 गवाह और 37 दस्तावेज पेश किए गए। मामला अगस्त 2023 का है। बूंदी पॉक्सो कोर्ट के विशिष्ट लोक अभियोजक मुकेश जोशी ने बताया कि 7 नवंबर 2023 को बूंदी पुलिस को किशोर न्याय बोर्ड के जरिए एक परिवाद मिला था। परिवाद में महिला ने बताया था कि उसके बेटे के साथ 40 साल की महिला ने जबरन शारीरिक संबंध बनाए। आरोपी महिला उसके बेटे को जयपुर ले गई। उसके बेटे को शराब पिलाई और शारीरिक शोषण किया। पुलिस ने नाबालिग को जयपुर से बरामद कर मामले की जांच शुरू की थी। ऐसे उजागर हुआ था मामला
किशोर न्याय बोर्ड बूंदी के अनुसार जयपुर में रहते समय नाबालिग का किसी अन्य युवती से प्रेम-प्रसंग हो गया था। जिससे महिला नाराज हो गई थी और उसने नाबालिग के खिलाफ रेप का मुकदमा दर्ज करा दिया था। महिला की रिपोर्ट पर पुलिस ने नाबालिग को डिटेन किया था। किशोर न्याय बोर्ड में नाबालिग ने महिला की असलीयत सामने रखी तो महिला के खिलाफ मामला दर्ज हुआ।


