जत्थेदारों की नियुक्ति का अधिकार सरबत खालसा को ही मिले : वधावा

बब्बर खालसा इंटरनेशनल के सदस्य वधावा सिंह बब्बर ने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी को भेजे ई-मेल में जत्थेदारों की नियुक्ति एवं हटाने का अंतिम अधिकार केवल सरबत खालसा को ही दिए जाने की वकालत की है। एसजीपीसी की ओर से जत्थेदारों की नियुक्ति व सेवामुक्ति के लिए तय किए जाने वाले सेवा नियम को लेकर मांगे गए सुझाव के तहत वधावा सिंह ने कहा है कि जत्थेदारों की नियुक्ति का अंतिम अधिकार सरबत खालसा को ही होना चाहिए। किसी भी नियुक्ति से पहले सरबत खालसा को बुलाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि बब्बर खालसा के लेटर हैड पर वधावा के हस्ताक्षरों से जारी 9 पेजों के पत्र में उन्होंने कहा है कि श्री अकाल तख्त साहिब की प्रभुसत्ता, आजादी हस्ती, पवित्रता को बहाल रखने व जत्थेदार की नियुक्ति को सियासी दखल से मुक्त किया जाना चाहिए। जत्थेदार का चयन योग्यता के आधार पर किया जाना चाहिए न कि सियासी आधार पर। इसके लिए व्यापक, पारदर्शी व सिद्धांतक नियमावली होनी अत्यन्त जरुरी है। श्री अकाल तख्त का प्रमुख सेवादार सभी को मान्य होने के साथ साथ ईमानदार, निडर तथा उच्च चरित्र का मालिक होना चाहिए। जो कौम को दरपेश समस्याओं व संकट जैसे मसलों का गुरमत अनुसार समाधान कर सके, ऐसे योग्य सिंह साहिबान को ही जत्थेदार के पद पर विराजमान किया जाना चाहिए।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *