जामताड़ा के झरना पाड़ा आदिवासी गांव में पांच दिन से बिजली आपूर्ति बाधित है। एक टैंकर के पलटने से बिजली का खंभा क्षतिग्रस्त हो गया था। इससे पूरे गांव में अंधेरा छाया हुआ है। बिजली विभाग की ओर से कोई कार्रवाई न होने पर आज सैकड़ों ग्रामीण सड़क पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने ढोल-नगाड़ों के साथ विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने बिजली विभाग की लापरवाही को लेकर नारेबाजी की। बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो बड़े पैमाने पर आंदोलन की चेतावनी ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार बिजली विभाग को समस्या की जानकारी दी, लेकिन तीन दिन बीत जाने के बाद भी कोई समाधान नहीं निकला। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द बिजली आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो वे बड़े पैमाने पर आंदोलन करेंगे। मौके पर पहुंची पुलिस ने ग्रामीणों को समझाया। पुलिस ने आश्वासन दिया कि बिजली विभाग से संपर्क कर लिया गया है। जल्द ही बिजली बहाल कर दी जाएगी। इसके बाद प्रदर्शनकारी सड़क से हट गए। प्रशासन ने बिजली विभाग को तत्काल कार्रवाई का निर्देश दिया है। अधिकारियों ने गांव में बिजली सेवा को प्राथमिकता के आधार पर बहाल करने का आदेश जारी किया है।


