कथावाचक प्रदीप मिश्रा ने कहा- मैं आज राजस्थान की भूमि पर जयपुर से अपनी बेटियों को कहना चाहूंगा कि आप पहनावे का बहुत ध्यान रखें। आप कितने भी बड़े और विकासशील हो जाएं। आप बाहर की सभ्यता और बाहर का पहनावा राजस्थान में मत लेकर आना। विद्याधर नगर स्टेडियम में गुरुवार से सात दिवसीय शिवमहापुराण कथा की शुरुआत हुई। इस दौरान प्रदीप मिश्रा ने कहा- राजस्थान का पहनावा अपने आप में अलौकिक है। यहां का पहनावा तो पार्वती जी ने भी धारण किया। भगवान शंकर ने भी धारण किया। ईसर और गौरा के रूप में जब शिवमहापुराण का यजमान बने थे। माता पार्वती ने सोलह श्रृंगार किया था। चोरों ने महिलाओं की चेन तोड़ी
कथा में उमड़ी भीड़ का फायदा उठाकर चोर महिलाओं के गले से चेन तोड़ ले गए। लोगों के पर्स भी चोरी हो गए। महिलाएं रोती हुई इधर से उधर भटकती रहीं। तेज धूप और गर्मी के कारण कई महिलाएं अचेत हो गईं, जिन्हें साथ की महिलाओं ने संभाला। विद्याधर नगर थाना के एसएचओ राकेश ख्यालिया ने बताया- चेन स्नेचिंग की कुछ वारदात हुई है। हमने संदिग्ध 32 युवक-युवतियों को शांतिभंग के आरोप में अरेस्ट किया है। जिससे पूछताछ की जा रही है। शिव और सती के प्रसंग सुनाए
इससे पहले, कथा की शुरुआत वैदिक मंत्रोच्चारण, गणेश पूजन और जलाधिवास अनुष्ठान से हुई। प्रदीप मिश्रा ने पहले दिन शिव और सती की कथा सुनाई। उन्होंने कथा के माध्यम से शिव भक्ति, संयम और सेवा का संदेश दिया। श्रद्धालु पूरे समय ध्यानपूर्वक कथा सुनते रहे और हर प्रसंग पर जयकारे लगाए। आयोजन समिति की ओर से बताया गया कि प्रत्येक दिन महामृत्युंजय रूद्र महायज्ञ का आयोजन किया जा रहा है। इसके साथ ही प्रतिदिन 1 लाख लोगों के लिए विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। …………… ये खबरें भी पढ़ें… प्रदीप मिश्रा की कथा कल से, महिलाओं ने निकाली कलश-यात्रा:हर-हर महादेव की रही गूंज; जयपुर में 7 दिन तक चलेगा आयोजन प्रसिद्ध कथावाचक प्रदीप मिश्रा 1 से 7 मई तक जयपुर के विद्याधर नगर स्टेडियम में शिव महापुराण कथा सुनाएंगे। इसके लिए बुधवार शाम 4 बजे अंबाबाड़ी स्थित भवानी निकेतन से शाही लवाजमें के साथ कलश यात्रा रवाना हुई। (पूरी खबर पढ़ें) जयपुर में प्रदीप मिश्रा की कथा,7-मंजिल के बराबर डोम बना:1.5 लाख लोगों के बैठने का इंतजाम, जर्मन टेक्नोलॉजी दिलाएगा गर्मी से राहत प्रसिद्ध कथावाचक प्रदीप मिश्रा 1 से 7 मई 2025 तक जयपुर के विद्याधर नगर स्टेडियम में शिव महापुराण कथा सुनाएंगे। रोजाना दोपहर 1 बजे से होने वाली इस दिव्य कथा के लिए भव्य तैयारियां की गई हैं। (पूरी खबर पढ़ें)


