लुधियाना| निगम कमिश्नर आदित्य डेचलवाल ने नहर आधारित जलापूर्ति परियोजना को लेकर आयोजित परियोजना निगरानी समिति (पीएमसी) की बैठक में विभागीय समन्वय में सुधार और कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने बैठक के दौरान विभागों के बीच तालमेल की कमी को गंभीरता से लिया और इस पर नाराजगी जताई। शुक्रवार को सराभा नगर स्थित नगर निगम के जोन डी कार्यालय में हुई बैठक में वर्ल्ड बैंक द्वारा वित्तपोषित जलापूर्ति परियोजना की प्रगति की समीक्षा की गई। इसमें सामने आया कि विभिन्न विभागों के बीच अपेक्षित तालमेल नहीं है, जिससे काम की गति प्रभावित हो रही है। कमिश्नर ने स्पष्ट किया कि गांव बिलगा (साहनेवाल के पास) में विश्व स्तरीय वाटर ट्रीटमेंट प्लांट (डब्ल्यूटीपी) का कार्य प्रगति पर है और इसके साथ-साथ शहर के कई हिस्सों में ओवरहेड टैंक बनाए जा रहे हैं। बिलगा से शहर तक शुद्ध सतही जल पहुंचाने के लिए पाइपलाइन डाली जानी है, जिसके लिए विभिन्न विभागों की भागीदारी आवश्यक है। बैठक में निगम के ज्वाइंट कमिश्नर अंकुर महेंद्रू, मुख्य अभियंता रविंदर गर्ग, अधीक्षण अभियंता पारुल गोयल, महाप्रबंधक हरसतिंदर पाल सिंह ढिल्लों, पीएमआईडीसी के प्रबंधक बादल सोनी के अलावा पीएसपीसीएल, ग्लाडा, एनएचएआई, वन विभाग समेत आदि शामिल हुए।


