भास्कर न्यूज | कोडरमा मुख्यमंत्री ग्राम गाड़ी योजना के तहत जिले में 18 रूटों पर बसें चलाने का लक्ष्य था। एक साल से ज्यादा समय बीतने के बाद भी सिर्फ चार रूटों पर ही बसों का संचालन शुरू हो पाया है। दो बसें सतगावां प्रखंड के बासोडीह से तिलैया तक और दो बसें जयनगर प्रखंड के पपलो से कोडरमा तक चल रही हैं। दो और रूटों पर बस संचालन के लिए आवेदन मिले हैं। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण इलाकों को प्रखंड और जिला मुख्यालय से जोड़ना था। साथ ही ग्रामीणों को बेहतर परिवहन सुविधा देना और रोजगार के अवसर बढ़ाना था। सरकार ने निजी बस ऑपरेटरों को प्रोत्साहित करने के लिए कई सुविधाएं दी हैं। बस खरीदने पर 5 साल तक 5% ब्याज सब्सिडी का प्रावधान है। साथ ही बस की क्षमता के अनुसार 18 रुपए प्रति किलोमीटर की दर से डीजल सब्सिडी दी जा रही है। पिछले वित्तीय वर्ष में तीन बस संचालकों को करीब 20 लाख रुपए की डीजल सब्सिडी दी गई है। हालांकि अब तक किसी भी बस संचालक ने वाहन खरीद पर ब्याज सब्सिडी के लिए आवेदन नहीं किया है। योजना के तहत दिव्यांग, बुजुर्ग और अन्य जरूरतमंद ग्रामीणों को मुफ्त यात्रा की सुविधा देने की बात कही गई थी। लेकिन विभाग के पास अब तक इसका कोई आंकड़ा नहीं है। इससे यह पता नहीं चल पा रहा कि कितने लोगों को मुफ्त यात्रा का लाभ मिला। परिवहन पदाधिकारी विजय कुमार सोनी ने बताया कि बाकी रूटों पर भी बसें चलाने की कोशिश हो रही है। लेकिन बस संचालकों की रुचि कम है। ग्रामीण स्तर पर लोगों को योजना की जानकारी दी जा रही है ताकि वे इससे जुड़कर स्वरोजगार और आर्थिक लाभ ले सकें।


