छत्तीसगढ़ और तेलंगाना बॉर्डर पर स्थित कर्रेगुट्टा की पहाड़ियों पर बुधवार को 22 नक्सलियों के मारे जाने की खबर सामने आई। दोपहर को सीएम विष्णुदेव साय ने नक्सलियों के शव बरामद होने की बात कही। इसके बाद से यह मामला चर्चा में आ गया। लेकिन शाम को प्रदेश के गृहमंत्री विजय शर्मा ने इस खबर का खंडन कर दिया। गृहमंत्री शर्मा ने कहा कि ‘संकल्प’ नाम का कोई अभियान नहीं चलाया जा रहा है और जो आंकड़ा दिया गया है, अनुचित आंकड़ा है। वहीं तेलंगाना के मुलुगु जिले में ग्रेहाउंड्स और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हो गई। बताया जा रहा है कि हैवी फायरिंग और IED ब्लास्ट की चपेट में आने से ग्रेहाउंड्स के 3 जवान शहीद हो गए हैं। फिलहाल आधिकारिक पुष्टि नहीं है। बता दें कि कर्रेगुट्टा की पहाड़ियों पर 16 दिनों से नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन चल रहा है। अब तक 4 महिला नक्सलियों के शव बरामद 2 दिन पहले ही कर्रेगुट्टा की पहाड़ी पर मुठभेड़ में जवानों ने एक महिला नक्सली को मार गिराया था। मौके से शव और हथियार बरामद किया गया। 22 अप्रैल से शुरू हुए नक्सल ऑपरेशन में फोर्स ने अब तक कुल 4 महिला नक्सलियों को ढेर किया है। चारों के शव बरामद कर लिए गए हैं। IED ब्लास्ट से सहायक कमांडेंट घायल एनकाउंटर के बीच सोमवार को यहां CRPF के सहायक कमांडेंट सागर बोराडे IED ब्लास्ट की चपेट में आ गए। धमाका इतना जोरदार था कि उन्हें अपना पैर गंवाना पड़ा। घायल कमांडेंट को दिल्ली रेफर किया गया है। यहां एम्स में उनका इलाज जारी है। मंत्री रामविचार नेताम ने भी अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट कर इसकी जानकारी दी थी। मंगलवार को बस्तर IG सुंदरराज पी ने बताया था कि, नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन जारी है। अब तक अलग-अलग मुठभेड़ में कुल चार नक्सलियों की डेड बॉडी रिकवर कर ली गई है। जवानों ने घटनास्थल से 303 हथियार समेत अन्य विस्फोटक पदार्थ भी बरामद किए हैं। नक्सलियों के कई बड़े कैडर्स को भी नुकसान हुआ है। कई घायल भी हो सकते हैं। पिछले एनकाउंटर में 8-8 लाख रुपए की 3 इनामी महिला नक्सली मारी गई थी। IG ने कहा कि ऑपरेशन जारी है। ऑपरेशन खत्म होने के बाद और जानकारी दी जाएगी।
…………………. ये खबर भी पढ़िए… 5000 फीट ऊंचाई पर नक्सलियों को खदेड़कर फहराया तिरंगा: कर्रेगुट्टा पहाड़ के एक हिस्से पर फोर्स का कब्जा, गृहमंत्री शर्मा बोले- शांति वार्ता नहीं होगी छत्तीसगढ़-तेलंगाना राज्य की सरहद पर स्थित कर्रेगुट्टा की पहाड़ी के एक हिस्से को जवानों ने फतह कर लिया है। 9 दिनों में करीब 5 हजार फीट की चढ़ाई कर जवान ऊंचाई पर पहुंच गए हैं। यहां से नक्सलियों को खदेड़कर तिरंगा फहराया दिया। पढ़ें पूरी खबर


