प्रकाश मिश्र जंगली हाथियों को ट्रेन की चपेट में आने से बचाने के लिए ईसीआर रेलवे एआई आधारित एलीफेंट इंटूशन डिटेक्शन सिस्टम लगाने की तैयारी कर रहा है। यह सिस्टम हाथियों को रेलवे ट्रैक के पास आने से पहले ही रोकने में मदद करेगा। बता दें कि गोमो-गया रेलखंड में कई जगहों पर जंगली हाथियों का झुंड रेलवे ट्रैक अक्सर पार करता है। 7 मई 2022 की रात गडैया-चिचाकी स्टेशन के बीच एक हाथी की ट्रेन से टकराकर मौत हो गई थी। हाथी के चार टुकड़े हो गए थे। इसके बाद भी सरिया के केसवारी, पारसनाथ और निमियाघाट स्टेशनों के बीच रौशनटुंडा में हाथियों का झुंड कई बार ट्रैक पार कर चुका है। रेलवे ने इन इलाकों में पहले से ही सभी मालगाड़ी, एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों के पायलट को ट्रेनों की रफ्तार धीमी रखने का कॉशन ऑर्डर दे रखा है। ताकि, अचानक हाथी दिखने पर ट्रेन की गति नियंत्रित कर उन्हें बचाया जा सके। इंटूशन डिटेक्शन सिस्टम लगाने के लिए चल रही टेंडर प्रक्रिया, जल्द लगने की उम्मीद : सीनियर डीसीएम धनबाद मंडल के सीनियर डीसीएम मो. इकबाल ने बताया कि रेलवे हाथियों की गतिविधियों को लेकर सतर्क है। गोमोह-गया रेलखंड में जहां हाथियों का मूवमेंट होता है, वहां ट्रेनों की रफ्तार धीमी रखी जाती है। इंटूशन डिटेक्शन सिस्टम लगाने की प्रक्रिया भी चल रही है। पहले एक बार टेंडर हुआ था, लेकिन तकनीकी दिक्कत आ गई थी। अब फिर से टेंडर की प्रक्रिया शुरू की गई है। उम्मीद है कि जल्द ही हाथी प्रभावित इलाकों में यह सिस्टम लगा दिया जाएगा।


