छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जशपुर में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर हजारों लोगों के साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि योग सनातन काल से हमारी संस्कृति का हिस्सा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2014 में संयुक्त राष्ट्र महासभा में योग को वैश्विक मान्यता दिलाई। 2015 से हर साल 21 जून को विश्व योग दिवस मनाया जाता है। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधि, स्कूली बच्चे, आम नागरिक, अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए। योग प्रशिक्षक ने चक्र आसन, अर्ध चक्र आसन, कपाल भारती, अनुलोम-विलोम, प्राणायाम और वज्रासन सहित विभिन्न आसन करवाए। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपनी दिनचर्या में योग को शामिल करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि योग से मन और आत्मा संतुलित रहते हैं। यह बीमारियों से बचाव में भी मदद करता है। उन्होंने जेनेरिक दवाइयों के उपयोग पर भी जोर दिया। साय ने बताया कि ये दवाएं एलोपैथिक दवाइयों जैसा ही असर करती हैं और कम कीमत में उपलब्ध हैं। बच्चों की भागीदारी पर उन्होंने कहा कि योग से उनका मन शांत और स्थिर रहता है, जिससे पढ़ाई में मन लगता है। 64 कार्यों का भूमिपूजन-लोकार्पण मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर 107.81 करोड़ के 64 कार्यों का भूमिपूजन-लोकार्पण किया। इनमें जशपुर विधानसभा क्षेत्र के 61 करोड़ 20 लाख के 85 कार्यों का भूमिपूजन और 15 करोड़ 80 लाख के 6 कार्यों का लोकार्पण किया। इसी प्रकार कुनकुरी विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत फरसाबहार विकासखंड के 24 करोड़ 90 लाख के 15 कार्यों का भूमिपूजन और 5 करोड़ 91 लाख के 4 कार्यों का लोकार्पण भी किया। 500 सीटर नालंदा परिसर का का भूमिपूजन जिले में 2 एकड़ में बनने वाले नालंदा परिसर का CM ने भूमि पूजन भी किया। 500 सीटर इस परिसर की लागत 11 करोड़ 29 लाख रुपया है। इसमें गार्डन भी विकसित किया जाएगा। सीएम ने कहा कि गरीब बच्चों को परिसर का ज्यादा लाभ मिलेगा। अब जागरूकता के कारण गांव और गरीब लोग भी बड़े-बड़े परीक्षा दे रहे हैं और सफल भी हो रहे हैं। सब लोग बड़े शहर आकर पढ़ाई नहीं कर सकते। इसलिए राज्य सरकार ने सभी जिला मुख्यालय व बड़े शहरों में नालंदा परिसर का निर्माण का जिम्मा लिया है। योग अभ्यास में लाकर लाभ उठाए – मंत्री समाज कल्याण मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े ने कहा कि योग सभी तरह के भेदभाव से ऊपर है। जाति, धर्म, महिला, पुरुष सभी समान रूप से अभ्यास में लाकर लाभान्वित हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि सभी इसका लाभ उठाए। योग आयोग के अध्यक्ष रूप नारायण सिन्हा ने कहा कि जशपुर की वादियां बहुत ही सुन्दर और योग के लिए अनुकूल है। जशपुर चायपत्ती, काजू, नाशपाती,आदि अन्य फसलों की अच्छी पैदावार होती है। उन्होंने कहा जशपुर का प्राकृतिक वातावरण स्वर्ग से सुन्दर की अनुमति करता है।


