ट्रेनों में अबतक कई घटनाओं को दे चुका है अंजाम फुटेज दिखाने पर कमल मंडल ने स्वीकार किया कि लगभग एक माह पूर्व उसने अपने साथी फुलो मंडल के साथ मिलकर रांची रेलवे स्टेशन से रवाना हुई 18622 पाटलिपुत्र एक्सप्रेस में नशीला पदार्थ खिला कर चोरी की घटना को अंजाम दिया था। उसने बताया कि वह पिछले 4-5 माह से इसी तरह की घटनाओं को अंजाम दे रहा है। 26 जून को भी रांची किसी ट्रेन में ऐसी ही घटना को अंजाम देने आया था। आरोपी को बरामद सामग्री सहित जीआरपी रांची को अग्रिम कार्रवाई के लिए सुपुर्द कर दिया गया। रांची | 28 मई को ट्रेन संख्या 18622 पाटलिपुत्र एक्सप्रेस में नशीली दवा खिलाकर यात्री के सामान चोरी की एक घटना हुई थी। इस संबंध में पीड़ित धनबाद के मुकेश ने झाझा जीआरपी थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। यह मामला जीआरपी झाझा ने दर्ज कर कार्रवाई के लिए जीआरपी रांची को भेजा। जीआरपी रांची को 25 जून को विश्वसनीय सूचना प्राप्त हुई कि उक्त घटना में शामिल व्यक्ति रांची रेलवे स्टेशन पर आया हुआ है और किसी अन्य वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। इसके बाद पोस्ट कमांडर रांची के नेतृत्व में एसआई कमल दास, एएसआई अरुण कुमार, धनंजय कुमार सिंह सहित टीम द्वारा लगातार गहन तलाशी अभियान चलाया गया। गुरुवार की सुबह 8 बजे के करीब रांची रेलवे स्टेशन के यार्ड के समीप एक संदिग्ध व्यक्ति को देखा गया। संदेह के आधार पर उसे रोक कर पूछताछ की गई। उसने अपना नाम कमल मंडल और जामताड़ा का निवासी बताया। उसके बैग की तलाशी ली गई, जिसमें जीन्स, टी-शर्ट, मोबाइल, रेलवे यात्रा टिकट, लोरेजेपम-2 एमजी (एटिवन-2 एमजी) वाली नींद की 10 गोलियों की एक स्ट्रिप मिली। इससे संदेह गहरा गया। इसके बाद घटना की पूर्व उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज की जांच की गई, जिसमें स्पष्ट रूप से यही व्यक्ति घटना में शामिल दिखाई दिया।


