अंबिकापुर के रेलवे स्टेशन के पीछे बने रेक साईड पर चावल लेकर आ रहा एक ट्रक फंस गया। ट्रक के फंसने के बाद वाहनों की लंबी लाइन लग गई और जाम एनएच तक पहुंच गया। एनएच में भी ट्रकों के खड़े हो जाने से मार्ग अवरूद्ध हो गया है। घंटों बाद भी ट्रक को नहीं निकाला जा सका। इसके कारण पांच गांवों के लोगों का मार्ग से आना-जाना मुश्किल हो गया है। जानकारी के मुताबिक, चठिरमा स्थित चावल गोदाम से अंबिकापुर रेलवे स्टेशन तक चावल पहुंचाने के लिए अजिरमा बेरियर से ठाकुरपुर मार्ग के ग्रामीण सड़क का उपयोग किया जा रहा है। इसमें चावल लोड भारी ट्रक गुजर रहे हैं जो रेलवे साइडिंग तक चावल पहुंचा रहे हैं। इसके कारण ठाकुरपुर मार्ग टूट गई है। यह सड़क पीएमजीएसवाई की है। सड़क पर भारी वाहनों का प्रवेश निषेध है। इसके बाद भी इसमें भारी वाहनें चल रही हैं। ट्रक के फंसने से लगा लंबा जाम
मार्ग में शनिवार शाम चावल लोड एक ट्रक फंस गया, जिसके कारण मार्ग में आवागमन अवरूद्ध हो गया है। कम चौड़ी सड़क पर धीरे-धीरे वाहनों को पार कराया जा रहा है। इससे ठाकुरपुर सहित आमगांव, बिशुनपुर खुर्द और अजिरमा के ग्रामीण परेशान है। यही एकमात्र मार्ग है, जिसका उपयोग ग्रामीण गांव तक जाने के लिए करते हैं। मार्ग में ट्रक फंसने के बाद कई ट्रकें पीछे खड़ी हो गईं, जिससे ट्रकों की लंबी कतार लग गई और पूरा रास्ता जाम हो गया है। ठाकुरपुर मार्ग से अजिरमा बेरियर होते हुए एनएच 43 में भी ट्रकों की कतार लगने से मुख्य मार्ग भी जाम हो गया। रेलवे साइडिंग के लिए सड़क की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि जब रेलवे ने साइडिंग बनाई है तो साइडिंग तक सामान पहुंचाने के लिए रेलवे को सड़क का भी निर्माण कराना चाहिए। नियम विरूद्ध तरीके से परिवहन कर लाभ कमा रहे रेलवे और नागरिक आपूर्ति निगम ने इसपर ध्यान नहीं दिया है।


