भास्कर न्यूज | राजनगर राजनगर प्रखंड क्षेत्र के उलीडीह के राशन डीलर धीरेन बास्के कार्डधारियों को कम अनाज तौल कर देते हैं। इस संबंध में कई कार्डधारियों ने नाम नहीं छापने की शर्त पर पत्रकारों को बताया कि पंचिंग के लिए सरकार की तौल मशीन का उपयोग तो डीलर द्वारा किया जाता है, परंतु अनाज अपनी निजी डिजिटल मशीन से तौल कर देते हैं, जिससे दूसरे जगह वजन करने पर अनाज दो से तीन किलो कम हो जाता है। साथ ही कोई कार्डधारी यदि गेहूं लेना नहीं चाहता है, तो उसे गेहूं के बदले चावल नहीं देते हैं और पूरा गेहूं अपने पास रख लेते हैं। गेहूं के बदले कम से कम आधा चावल भी नहीं देते हैं। ज़ब कार्ड धारियों की इस शिकायत की मीडिया के प्रतिनिधियों ने अपने स्तर से देखा तो लाभुकों की बात सही निकली। एक लाभुक का 15 किलो अनाज के बदले डीलर ने उसे मात्र 12 किलो ही चावल तौल कर दिया और गेहूं अपने पास रख लिया। इसी तरह चना दाल के लिए दस रूपये लेते हैं। वहीं एक और अन्य लाभुक ने बताया कि उनका 20 किलो का यूनिट है, मगर 16 किलो ही अनाज मिलता है। वहीं डीलर धीरेन बास्के के पास लगभग 370 कार्डधारी हैं। लाभुकों ने बताया कि वे किसी खास राजनीतिक पार्टी से जुड़े हैं। जिससे जनता को कम राशन देने पर भी उसके खिलाफ कोई आवाज नहीं उठाने की हिम्मत नहीं करता है। वहीं, इस संबंध में सीओ सह प्रभारी एमओ हरीश चंद्र मुंडा ने कहा कि किसी डीलर को भी लाभुकों का अनाज कटौती की छूट नहीं दी जा सकती। अनाज लाभुकों की आंखों के सामने तौल कर देना है, अगर कोई अंधरे में अनाज तौल कर देता है, तो निश्चित रूप से डीलर के ऊपर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। दूसरी तरफ, हल्दीपोखर में एनएच 220 पर छोटी पुलिया के बंद हो जाने से स्थानीय निवासियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस पुलिया के अवरुद्ध होने के कारण बारिश का पानी हल्दीपोखर के चावल बाजार और साहू पाड़ा की दुकानों में घुस जाता है।


