सीजन के सबसे स्ट्रांग पश्चिमी विक्षाेभ ने राजधानी का मौसम पलट दिया। मावठ ने 5 साल का रिकाॅर्ड ताेड़ दिया। देर रात से शुरू हुआ मावठ का दाैर शुक्रवार तक चला। सुबह से दाेपहर तक हल्की बूंदाबांदी का दाैर चला। दोपहर तीन बजे घने बादल छाए और अंधेरा छा गया। मेघगर्जन के साथ जेएलएन मार्ग, टाेंक राेड, मालवीय नगर, झालाना, राजापार्क, दिल्ली राेड सहित कई इलाकाें में आधे घंटे तेज बारिश हुई। माैसम विभाग के अनुसार दिनभर में सांगानेर एयरपाेर्ट पर 5.2 और जेएलएन पर 10 मिमी बारिश रिकाॅर्ड हुई, जाे साल 2018 के बाद सर्वाधिक है। 2018 में 10.1 मिमी बारिश रिकाॅर्ड हुई थी। पूरे शहर में काेहरा छाया रहा; बारिश का दाैर रुक-रुककर देर शाम तक चलता रहा। सड़काें पर काेहरे की सफेद चादर रही और दृश्यता घट गई। एयरपाेर्ट पर विजिबिलिटी 3 हजार मीटर से घटकर केवल 500 मीटर रह गई। दृश्यता कम हाेने से सड़क यातायात भी प्रभावित हुअा। सावन जैसी बारिश; दाेपहर तक रुक-रुकर बारिश हाेती रही। दाेपहर 3 बजे मेघगर्जन करीब आधे घंटे तक जाेरदार बारिश का दाैर चला। लगातार बारिश हाेने से सड़काें पर पानी भर गया और दिन में ठिठुरन रही। सुबह-शाम गलन का अहसास हुआ। दिन का पारा 18.8 डिग्री; बीती रात न्यूनतम तापमान 3 डिग्री बढ़ाेतरी के साथ 16 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। दिन का पारा 2.4 डिग्री गिरावट के बाद 18.8 डिग्री पर अा गया। दिन-रात के तापमान में केवल 2.8 डिग्री का अंतर रहा।


